{"_id":"5ba889c4867a557ffa24680c","slug":"agra-people-demanding-to-airport-from-yogi-adityanath-government","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"सुनिए सीएम साहब, अब तो हवाई लगने लगी है हवाई अड्डे की घोषणा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सुनिए सीएम साहब, अब तो हवाई लगने लगी है हवाई अड्डे की घोषणा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला आगरा
Updated Mon, 24 Sep 2018 12:22 PM IST
विज्ञापन
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ
- फोटो : amar ujala
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
ताजनगरी के लिए घोषणा तो की गई थी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे की। मंजूरी मिली सिविल एन्क्लेव की। जमीन पर यह भी नहीं बन पा रहा है। आलम यह है कि दो साल में जमीन का अधिग्रहण तक पूरा नहीं हो पाया है। अधिकारी दिलचस्पी नहीं ले रहे हैं।
अगर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बेहद गंभीर रुख अख्तियार करके सिविल एन्क्लेव के निर्माण की समय सीमा तय नहीं की तो लेट लतीफी चलती रहेगी। अब तो लोग कहने लगे हैं कि यह घोषणा ही हवाई तो नहीं है।
सरकार ने सिविल एन्क्लेव बनाने में तो जरा भी तेजी नहीं दिखाई, लेकिन प्रदेश में भाजपा की सरकार आते ही इसका नामकरण तुरंत कर दिया। इसका नाम पंडित दीनदयाल उपाध्याय के नाम पर रखा गया।
विज्ञापन
विज्ञापन
अगर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बेहद गंभीर रुख अख्तियार करके सिविल एन्क्लेव के निर्माण की समय सीमा तय नहीं की तो लेट लतीफी चलती रहेगी। अब तो लोग कहने लगे हैं कि यह घोषणा ही हवाई तो नहीं है।
विज्ञापन
सरकार ने सिविल एन्क्लेव बनाने में तो जरा भी तेजी नहीं दिखाई, लेकिन प्रदेश में भाजपा की सरकार आते ही इसका नामकरण तुरंत कर दिया। इसका नाम पंडित दीनदयाल उपाध्याय के नाम पर रखा गया।
विज्ञापन
25 सितंबर को आगरा आ रहे सीएम
उनकी ही डॉ भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय परिसर में प्रतिमा स्थापित की गई है। इसके अनावरण के लिए ही सीएम और गर्वनर आ रहे हैं। ऐसे में देखना है कि उनके ही नाम पर बनने जा रहे हवाई अड्डे पर सीएम कुछ कदम उठाते हैं या नहीं?
फिलहाल स्थिति यह है कि पिछले एक महीने से जमीन के बैनामे अटके हैं। अधिग्रहण न हो पाने के कारण बाउंड्री तक नहीं बन पा रही है। हालांकि हवाई पट्टी पहले मौजूद है। उड़ान योजना के तहत इस पर आगरा-जयपुर फ्लाइट शुरू हुई थी। इसके बाद कोई और शहर नहीं जुड़ा। यह भी कभी भी महीनों का ब्रेक ले लेती है।
फिलहाल स्थिति यह है कि पिछले एक महीने से जमीन के बैनामे अटके हैं। अधिग्रहण न हो पाने के कारण बाउंड्री तक नहीं बन पा रही है। हालांकि हवाई पट्टी पहले मौजूद है। उड़ान योजना के तहत इस पर आगरा-जयपुर फ्लाइट शुरू हुई थी। इसके बाद कोई और शहर नहीं जुड़ा। यह भी कभी भी महीनों का ब्रेक ले लेती है।