फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Agra News ›   Agra DM come himself to admit the covid patient in hospital

आगरा के अस्पतालों का हाल: मरीज को भर्ती कराने के लिए डीएम को खुद आना पड़ा

Sat, 24 Apr 2021 09:45 AM IST
मुकेश कुमार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा Published by: मुकेश कुमार Updated Sat, 24 Apr 2021 09:45 AM IST
सार

आगरा के सरकारी और निजी अस्पतालों में आपातकाल जैसे हालात है। भर्ती नहीं होने के कारण रोज कई मरीज बेहाल हो रहे हैं। 

विज्ञापन
Agra DM come himself to admit the covid patient in hospital
अस्पताल के बाहर एंबुलेंस में मरीज - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

आगरा में कोरोना संक्रमण फैलने से अस्पतालों में आपातकाल जैसे हालात हैं। सरकारी व निजी कोविड अस्पतालों में भर्ती नहीं हो पाने से मरीज बेहाल हैं। लोग अधिकारियों को फोन कर रहे हैं। शुक्रवार को एक मरीज को तो भर्ती कराने के लिए डीएम को खुद अस्पताल आना पड़ा। वहीं दूसरे मामले में सीएमओ को दो बार फोन अस्पतालों में फोन करना पड़ा तक मरीज को भर्ती किया गया।

विज्ञापन


शुक्रवार को एसएन मेडिकल कॉलेज पहुंची 57 वर्षीय रजनी गुप्ता को चार घंटे तक बेड नहीं मिला। जिलाधिकारी से शिकायत की। डीएम स्वयं मरीज को भर्ती कराने के लिए एसएन पहुंचे। तब जाकर बेड का इंतजाम कर उन्हें भर्ती किया गया। वहीं नगला पदी निवासी 35 वर्षीय राजपाल को भर्ती कराने के लिए पिता गोपाल सिंह शुक्रवार सुबह से निजी अस्पतालों के चक्कर लगाते रहे। 
विज्ञापन


राजपाल की रिपोर्ट नेगेटिव थी, लेकिन सांस लेने में तकलीफ हो रही थी। गोपाल सिंह ने बताया कि मैंने सीएमओ से मरीज भर्ती नहीं करने की शिकायत की, तो उन्होंने अस्पताल संचालक को फोन किया। फिर भी अस्पताल में भर्ती नहीं किया गया। सीएमओ ने एक घंटे बाद राजपाल को दूसरे अस्पताल में भर्ती कराया। 

विज्ञापन
विज्ञापन

ये हाल तब हैं जब मुख्यमंत्री ने संक्रमितों की सीधे अस्पतालों में भर्ती और उपचार के आदेश हैं। उन्हें भर्ती के लिए किसी सिफारिश या सीएमओ के लेटर की जरूरत नहीं। परंतु जमीनी हकीकत अलग है। खुद अफसरों को कोविड अस्पतालों में मरीजों को भर्ती कराना पड़ रहा है।

बढ़ाए जा रहे हैं बेड
एक मरीज के लिए मैंने फोन किया था। वहां बेड फुल थे। मरीज को दूसरी जगह भर्ती कराया है। केस बढ़ने से दिक्कत है। एसएन अस्पताल और बेड बढ़ाए जा रहे हैं। - डॉ. आरसी पांडेय, मुख्य चिकित्सा अधिकारी

गंभीर मरीज हो रहे हैं भर्ती
जिलाधिकारी प्रभु एन. सिंह ने कहा कि मरीज ने शिकायत की थी, उसे बेड दिलवाया गया। गंभीर मरीजों को भर्ती हो रहे हैं। बीमारी गंभीर नहीं है तो लोग होम आइसोलेशन में उपचार लें। निजी कोविड अस्पतालों में मरीज भर्ती के संबंध में आईएमए, सीएमओ को निर्देश दिए हैं।

कंट्रोल रूम नंबर व्यस्त, कोविड प्रबंधन ध्वस्त
जैसे-जैसे संक्रमितों की तादाद बढ़ रही है कोविड प्रबंधन के इंतजाम ध्वस्त हो रहे हैं। तीन दिन पहले शुरू हुए कोविड कंट्रोल रूम से शुक्रवार को 20 से अधिक मरीजों को मदद नहीं मिल सकी। 24 घंटे हेल्पलाइन नंबर 12 घंटे व्यस्त रहे। 10-10 बार फोन लगाने पर भी फोन नहीं उठ रहे। 

नगर निगम स्मार्ट सिटी कमांड सेंटर में बने कोविड कंट्रोल रूम 0562-2551601 नंबर शुक्रवार को दिनभर व्यस्त रहा। 512 से अधिक कॉल आई। 100 से अधिक कॉल लाइन व्यस्त रहने से दर्ज नहीं हो पाईं। 20 मरीज ऐसे थे जिनकी कॉल रिसीव होने के बाद मरीज भर्ती हो सके, दवाएं और ऑक्सीजन नहीं मिल सकी। 

जिला प्रशासन के मुताबिक 512 शिकायतों में सबसे ज्यादा 265 लोगों ने बेड के लिए फोन किए। 102 लोगों ने होम आइसोलेशन में भर्ती मरीजों के लिए ऑक्सीजन सिलिंडर मांगे। 85 शिकायतें फैली फ्लू दवाई, रेमेडिसिविर इंजेक्शन, एंबुलेंस के लिए आए। 
 

नहीं मिलता कोई फीडबैक
ताजगंज निवासी हरीश सक्सेना ने बताया कि मैंने 20 बार फोन किए। मेरे मरीज को वेंटिलेटर बेड चाहिए। कंट्रोल रूम से कहा उपलब्ध होने पर दिया जाएगा। 4 घंटे तक कोई फीडबैक नहीं मिला।

फेल है ऐसा कंट्रोल रूम
शाहगंज निवासी सावित्री शुक्ला ने कहा कि सुबह से फोन लगा रही हूं। फोन नहीं उठ रहा। मेरी मां को बुखार है। सांस नहीं ले पा रहीं। अस्पताल में भर्ती कराना है। कंट्रोल रूम फेल है।


आगरा में कोरोना की दूसरी लहर: संभल जाइए... हर तीन मिनट में संक्रमण की चपेट में आ रहा एक व्यक्ति
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed