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अंगुलियां पकड़ेंगी राशन की चोरी
Agra
Updated Sun, 18 Nov 2012 12:00 PM IST
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आगरा। सरकारी राशन दुकानों की कालाबाजारी पर अंकुश लगाने पाने में आपूर्ति विभाग के फेल होने के बाद शासन नई व्यवस्था करने जा रहा है। अब उपभोक्ताओं को बायोमेट्रिक राशन कार्ड दिया जाएगा। इस एटीएमनुमा कार्ड पर सदस्याें के अंगुलियाें की स्कैनिंग होगी। इसके जरिए ही कार्डधारक अपना राशन प्राप्त कर सकेगा।
सैकड़ों ऐसे हैं, जिनके पास राशन कार्ड होने के बावजूद भी गल्ला नहीं उठाते हैं। इसका लाभ डीलर खाद्यान्न की कालाबाजारी कर उठाते हैं। तमाम प्रयास के बावजूद भी आपूर्ति विभाग इनके हाथ नहीं बांध पाया है। खाद्यान्न की कालाबाजारी से सरकार भी चिंतित है। ऐसे में इस चोरी को रोकने के लिए अनूठी पहल की जा रही है। राशन कार्ड को बायोमेट्रिक कार्ड में तब्दील किया जाएगा। इस कार्ड में परिवार के सदस्याें की अंगूठाें के निशान की स्कैनिंग होगी। डीलराें के यहां कंप्यूटर सेटअप लगा होगा, जिसमें प्रति कार्ड की रसद का पूरा विवरण अपलोड होगा। इससे असली कार्ड धारक ही राशन ले सकेगा। अगर कार्ड धारक राशन नहीं उठाता तो डीलर उपभोक्ता के खाद्यान्न को पचा नहीं पाएगा। प्रायोगिक तौर पर शासन इसे आगरा जिले में लागू करने जा रहा है। पूरे सिस्टम का खाका तैयार करने का जिम्मा निजी कंपनी को सौंपा जाएगा। जिला आपूर्ति अधिकारी अरुण कुमार श्रीवास्तव का कहना है कि शासन का पत्र आ चुकी है। कार्ड धारक और डीलराें का विवरण तैयार किया जा रहा है।
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सैकड़ों ऐसे हैं, जिनके पास राशन कार्ड होने के बावजूद भी गल्ला नहीं उठाते हैं। इसका लाभ डीलर खाद्यान्न की कालाबाजारी कर उठाते हैं। तमाम प्रयास के बावजूद भी आपूर्ति विभाग इनके हाथ नहीं बांध पाया है। खाद्यान्न की कालाबाजारी से सरकार भी चिंतित है। ऐसे में इस चोरी को रोकने के लिए अनूठी पहल की जा रही है। राशन कार्ड को बायोमेट्रिक कार्ड में तब्दील किया जाएगा। इस कार्ड में परिवार के सदस्याें की अंगूठाें के निशान की स्कैनिंग होगी। डीलराें के यहां कंप्यूटर सेटअप लगा होगा, जिसमें प्रति कार्ड की रसद का पूरा विवरण अपलोड होगा। इससे असली कार्ड धारक ही राशन ले सकेगा। अगर कार्ड धारक राशन नहीं उठाता तो डीलर उपभोक्ता के खाद्यान्न को पचा नहीं पाएगा। प्रायोगिक तौर पर शासन इसे आगरा जिले में लागू करने जा रहा है। पूरे सिस्टम का खाका तैयार करने का जिम्मा निजी कंपनी को सौंपा जाएगा। जिला आपूर्ति अधिकारी अरुण कुमार श्रीवास्तव का कहना है कि शासन का पत्र आ चुकी है। कार्ड धारक और डीलराें का विवरण तैयार किया जा रहा है।
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