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खेल-खेल में वृंदावन घूमने चल दिए दो बालक
Updated Sat, 14 Apr 2018 08:15 PM IST
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डैमो
- फोटो : डैमो
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मथुरा। फरीदाबाद में घर के बाहर खेलने निकले दो बालक अचानक वृंदावन घूमने चल दिए। देर रात्रि को दोनों कोसीकलां रेलवे स्टेशन पर उतर गए और रोने लगे। जब जीआरपी वालों ने पूछा तो हकीकत पता चली। दोनों के परिवार वालों को सूचना दे दी गई थी। घर वाले और दोनों को अपने साथ घर ले गए।
फरीदाबाद की ओमनगर कालोनी के मकान नंबर 50 निवासी सुनील का आठ वर्षीय पुत्र देव कुमार और पड़ोसी मकान नंबर 51 निवासी मांगेलाल का 11 वर्षीय पुत्र सूरज शुक्रवार सायं को घर के बाहर खेल रहे थे। अचानक दोनों ने वृंदावन जाने का प्लान बना लिया। बिना किसी को बताए वृंदावन घूमने के लिए चल दिए।
किसी से पूछकर वह फरीदाबाद रेलवे स्टेशन पहुंचे और वहां से मथुरा को जाने वाली पैसेंजर ट्रेन में चढ़ गए। अचानक वह कोसीकलां स्टेशन पर उतर गए। रात्रि 11 बजे कोसीकलां जीआरपी प्रभारी को दोनों बच्चे अकेले दिखे तो पूछताछ की। बच्चों ने बताया कि वह वृंदावन घूमने जा रहे हैं।
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जीआरपी ने पूछताछ कर पिता का फोन नंबर लिया और सूचना दी। सुबह परिवारीजन जीआरपी कोसीकलां चौकी पहुंचे। जीआरपी ने दोनों बच्चों को उनके सुपुर्द कर दिया।
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फरीदाबाद की ओमनगर कालोनी के मकान नंबर 50 निवासी सुनील का आठ वर्षीय पुत्र देव कुमार और पड़ोसी मकान नंबर 51 निवासी मांगेलाल का 11 वर्षीय पुत्र सूरज शुक्रवार सायं को घर के बाहर खेल रहे थे। अचानक दोनों ने वृंदावन जाने का प्लान बना लिया। बिना किसी को बताए वृंदावन घूमने के लिए चल दिए।
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किसी से पूछकर वह फरीदाबाद रेलवे स्टेशन पहुंचे और वहां से मथुरा को जाने वाली पैसेंजर ट्रेन में चढ़ गए। अचानक वह कोसीकलां स्टेशन पर उतर गए। रात्रि 11 बजे कोसीकलां जीआरपी प्रभारी को दोनों बच्चे अकेले दिखे तो पूछताछ की। बच्चों ने बताया कि वह वृंदावन घूमने जा रहे हैं।
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जीआरपी ने पूछताछ कर पिता का फोन नंबर लिया और सूचना दी। सुबह परिवारीजन जीआरपी कोसीकलां चौकी पहुंचे। जीआरपी ने दोनों बच्चों को उनके सुपुर्द कर दिया।