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‘आजु वृषभान भवन आनंद अति छायौ’
Updated Tue, 22 May 2018 08:20 PM IST
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राध्ााकृष्ण
- फोटो : डैमो
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बरसाना (मथुरा)। आजु वृषभान भवन आनंद अति छायौ, राधा अवतार भयौ, सब कौ मन भायौ, राधा कौ जन्म जानि प्रेमी सब धाए, प्रेम सुधा बरसन की आस मन लगाए आदि पद बरसाना की आभा को भक्ति रस से महका रहे थे। भले ही राधाजी का जन्म भादों शुक्ल की अष्टमी को हुआ था, लेकिन अधिक मास के महीने में लाड़ली जी मंदिर में वर्ष भर के त्योहार मनाए जा रहे हैं।
मंगलवार को कस्बे के प्रसिद्ध लाड़ली जी मंदिर में राधा जन्मोत्सव का आयोजन किया गया। तीनों लोक बरसाना की छटा पर बलिहारी हो रहे थे। लाड़ली के दरबार में पहुंच भक्तों को अपार खुशी मिल रही थी। मंदिर के सेवायत ईश्वर चंद गोस्वामी, रासबिहारी गोस्वामी जब प्रसाद लुटाते तो भक्त प्रसाद लूटने को मचल उठते। वृषभान भवन में आनंद छाया था।
कीरत के आंगन में खुशियां मचल रहीं थीं। राधारानी के जन्मोत्सव की खुशियों में श्रद्धालु आनंद में सराबोर थे। अधिक मास में कृष्ण प्रिया के दर्शन करने को देश के कोने-कोने से श्रद्धालु बरसाना आ रहे थे। गहवर वन परिक्रमा मार्ग भी राधे-राधे के जयघोष से गूंज रहा था। मंदिर परिसर में बरसाना के गोस्वामी बधाई के पद गाए जा रहे थे। सेवायत जन्मोत्सव की खुशी में श्रद्धालुओं को प्रसाद बांट रहे थे। अधिक मास में श्रद्धालु गहवर वन की दंडवती परिक्रमा लगा कर अपने आपको धन्य मान रहे थे।
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मंगलवार को कस्बे के प्रसिद्ध लाड़ली जी मंदिर में राधा जन्मोत्सव का आयोजन किया गया। तीनों लोक बरसाना की छटा पर बलिहारी हो रहे थे। लाड़ली के दरबार में पहुंच भक्तों को अपार खुशी मिल रही थी। मंदिर के सेवायत ईश्वर चंद गोस्वामी, रासबिहारी गोस्वामी जब प्रसाद लुटाते तो भक्त प्रसाद लूटने को मचल उठते। वृषभान भवन में आनंद छाया था।
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कीरत के आंगन में खुशियां मचल रहीं थीं। राधारानी के जन्मोत्सव की खुशियों में श्रद्धालु आनंद में सराबोर थे। अधिक मास में कृष्ण प्रिया के दर्शन करने को देश के कोने-कोने से श्रद्धालु बरसाना आ रहे थे। गहवर वन परिक्रमा मार्ग भी राधे-राधे के जयघोष से गूंज रहा था। मंदिर परिसर में बरसाना के गोस्वामी बधाई के पद गाए जा रहे थे। सेवायत जन्मोत्सव की खुशी में श्रद्धालुओं को प्रसाद बांट रहे थे। अधिक मास में श्रद्धालु गहवर वन की दंडवती परिक्रमा लगा कर अपने आपको धन्य मान रहे थे।
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