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ब्लड बैंक प्रभारी का कर दिया स्थानांतरण्
Updated Mon, 31 Jul 2017 12:19 AM IST
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ब्लड बैंक
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मैनपुरी। जिला अस्पताल में ब्लड बैंक प्रभारी के स्थानांतरण के बाद एक बार फिर सीएमएस चर्चा में आ गए हैं। ब्लड बैंक प्रभारी ने एक विधायक के नाम पर 50 हजार रुपये मांगने का आरोप उनपर लगाया है। कहा कि दो बार जांच में निर्दोष मिलने के बाद भी उनका स्थानांतरण खुन्नस में किया गया है। वहीं सीएमएस डॉ एके उपाध्याय ने सभी आरोपों को बेबुनियाद बताया है।
ब्लड बैंक प्रभारी टीसी भारती का स्थानांतरण सीएमएस ने कुछ दिन पूर्व पैथालॉजी विभाग में कर दिया है। एक निजी अस्पताल के संचालक अरविंद कुमार ने ब्लड बैंक प्रभारी पर गंभीर आरोप लगाते हुए आन लाइन शिकायत की थी। इसके बाद पहले स्थानीय स्तर पर शिकायत की जांच की गई। उसमें वह निर्दोष पाए गए थे। वहीं दोबारा प्रमुख सचिव चिकित्सा स्वास्थ्य सेवाएं के निर्देश पर दो सदस्यीय टीम ने भी जांच की गई। इस टीम में डॉ अशोक कुमार व डॉ पीके दुबे शामिल थे। इस टीम ने भी ब्लड बैंक प्रभारी को निर्दोष पाया था। टीसी भारती का आरोप है कि कुछ दिन पूर्व सीएमएस ने उन्हें बुलाकर एक विधायक के नाम पर 50 हजार रुपये मांगे। कहा कि जांच का मामला तभी शांत होगा। इस पर उन्होंने इतने पैसे देने में असमर्थता जताई। इसके बाद सीएमएस ने उनका स्थानांतरण पैथालॉजी विभाग में लैब टेक्नीशियन के रूप में कर दिया। मामले में सीएमएस डॉ एके उपाध्याय का कहना है कि ब्लड बैंक प्रभारी का स्थानांतरण पैथालॉजी लैब में किया गया है, वे वहां जाना नहीं चाहते हैं, इसीलिए बेबुनियाद आरोप लगा रहे हैं। उनके स्थान पर विनोद बिहारी तिवारी को ब्लड बैंक का प्रभारी बनाया गया है।
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ब्लड बैंक प्रभारी टीसी भारती का स्थानांतरण सीएमएस ने कुछ दिन पूर्व पैथालॉजी विभाग में कर दिया है। एक निजी अस्पताल के संचालक अरविंद कुमार ने ब्लड बैंक प्रभारी पर गंभीर आरोप लगाते हुए आन लाइन शिकायत की थी। इसके बाद पहले स्थानीय स्तर पर शिकायत की जांच की गई। उसमें वह निर्दोष पाए गए थे। वहीं दोबारा प्रमुख सचिव चिकित्सा स्वास्थ्य सेवाएं के निर्देश पर दो सदस्यीय टीम ने भी जांच की गई। इस टीम में डॉ अशोक कुमार व डॉ पीके दुबे शामिल थे। इस टीम ने भी ब्लड बैंक प्रभारी को निर्दोष पाया था। टीसी भारती का आरोप है कि कुछ दिन पूर्व सीएमएस ने उन्हें बुलाकर एक विधायक के नाम पर 50 हजार रुपये मांगे। कहा कि जांच का मामला तभी शांत होगा। इस पर उन्होंने इतने पैसे देने में असमर्थता जताई। इसके बाद सीएमएस ने उनका स्थानांतरण पैथालॉजी विभाग में लैब टेक्नीशियन के रूप में कर दिया। मामले में सीएमएस डॉ एके उपाध्याय का कहना है कि ब्लड बैंक प्रभारी का स्थानांतरण पैथालॉजी लैब में किया गया है, वे वहां जाना नहीं चाहते हैं, इसीलिए बेबुनियाद आरोप लगा रहे हैं। उनके स्थान पर विनोद बिहारी तिवारी को ब्लड बैंक का प्रभारी बनाया गया है।
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