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धान खरीद: 46.10 प्रतिशत लक्ष्य हो सका पूरा
Updated Fri, 02 Feb 2018 08:52 PM IST
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कासगंज।
धान खरीद के लिए शासन की आनलाइन प्रकिया किसानों को रास नहीं आई। ऐसे में जनपद में धान खरीद का लक्ष्य पूरा नहीं हो सका।
शासन ने धान खरीद के लिए इस बार ऑनलाइन पंजीकरण अनिवार्य कर दिया था। किसानों को पंजीकरण के आधार पर ही क्रय केंद्रों पर अपना धान ले जाने की व्यवस्था एवं आरटीजीएस के माध्यम से भुगतान करने की व्यवस्था की गई थी। इसके चलते काफी कम किसान क्रय केंद्र पहुंचे। जनपद में धान खरीद के लिए 15 केंद्र निर्धारित किए गए। खाद्य विभाग ने सात, पीसीएफ ने सात, भारतीय खाद्य निगम ने एक केंद्र बनाया। इन एजेंसियों के लिए 9140 मीट्रिक टन धान खरीद का लक्ष्य था। इन ऐजेंसियों में खाद्य निगम ने सबसे अधिक धान खरीदा। अपने 5000 मीट्रिक टन के लक्ष्य के सापेक्ष 3531.84 मीट्रिक टन धान की खरीद की। वहीं पीसीएफ ने 4000 मीट्रिक टन में से 641.06 मीट्रिक टन धान की खरीद की। भरतीय खाद्य निगम ने 140 मीट्रिक टन लक्ष्य के सापेक्ष 40.24 मीट्रिक टन धान की खरीद की। पिछले वर्ष से धान की खरीद इस बार बढ़ गई, लेकिन किसानों की संख्या में गिरावट आ गई। 2007 में 909 किसानों ने अपना धान एजेंसियों पर बेचा और एजेंसियों ने 3909.68 मीट्रिक टन धान खरीदा। वहीं वर्ष 2018 में 612 किसानों से 4213.14 मीट्रिक टन धान की खरीद हुई। जिला खाद्य एवं विपरण अधिकारी विजय कुमार शुक्ला ने बताया कि वर्तमान वर्ष में धान की खरीद बढ़ी है।
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धान खरीद के लिए शासन की आनलाइन प्रकिया किसानों को रास नहीं आई। ऐसे में जनपद में धान खरीद का लक्ष्य पूरा नहीं हो सका।
शासन ने धान खरीद के लिए इस बार ऑनलाइन पंजीकरण अनिवार्य कर दिया था। किसानों को पंजीकरण के आधार पर ही क्रय केंद्रों पर अपना धान ले जाने की व्यवस्था एवं आरटीजीएस के माध्यम से भुगतान करने की व्यवस्था की गई थी। इसके चलते काफी कम किसान क्रय केंद्र पहुंचे। जनपद में धान खरीद के लिए 15 केंद्र निर्धारित किए गए। खाद्य विभाग ने सात, पीसीएफ ने सात, भारतीय खाद्य निगम ने एक केंद्र बनाया। इन एजेंसियों के लिए 9140 मीट्रिक टन धान खरीद का लक्ष्य था। इन ऐजेंसियों में खाद्य निगम ने सबसे अधिक धान खरीदा। अपने 5000 मीट्रिक टन के लक्ष्य के सापेक्ष 3531.84 मीट्रिक टन धान की खरीद की। वहीं पीसीएफ ने 4000 मीट्रिक टन में से 641.06 मीट्रिक टन धान की खरीद की। भरतीय खाद्य निगम ने 140 मीट्रिक टन लक्ष्य के सापेक्ष 40.24 मीट्रिक टन धान की खरीद की। पिछले वर्ष से धान की खरीद इस बार बढ़ गई, लेकिन किसानों की संख्या में गिरावट आ गई। 2007 में 909 किसानों ने अपना धान एजेंसियों पर बेचा और एजेंसियों ने 3909.68 मीट्रिक टन धान खरीदा। वहीं वर्ष 2018 में 612 किसानों से 4213.14 मीट्रिक टन धान की खरीद हुई। जिला खाद्य एवं विपरण अधिकारी विजय कुमार शुक्ला ने बताया कि वर्तमान वर्ष में धान की खरीद बढ़ी है।