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संजय मितल अपहरणकांड में फरार चल रहे जेपी दीक्षित गिरफ्तार

Fri, 07 Jul 2017 12:10 AM IST
Updated Fri, 07 Jul 2017 12:10 AM IST
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संजय मितल अपहरणकांड में फरार चल रहे जेपी दीक्षित गिरफ्तार
पुलिस गिरफ्त में आरोपी। - फोटो : अमर उजाला
फिरोजाबाद। संजय मित्तल अपहरणकांड में फरार चल रहे आरोपी जितेंद्र दीक्षित उर्फ जेपी को एसओजी की टीम ने बुधवार रात औद्योगिक क्षेत्र से गिरफ्तार कर लिया। जितेंद्र पकड़े गए साथियों की गिरफ्तारी का बदला लेने के लिए संजय मित्तल की हत्या करने के उद्देश्य से पहुंचा था। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से हथियार और संजय मित्तल अपहरणकांड में प्रयोग की गई बोलेरो कार भी बरामद की है। जेपी भी बाक्सर गैंग का सदस्य है।
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एसएसपी अजय कुमार ने बताया कि जितेंद्र दीक्षित उर्फ जेपी मूलरूप से काशीराम कालोनी टूंडला का रहने वाला है। जेपी बॉक्सर गैंग का सक्रिय सदस्य है। वह गैंग को हथियार सप्लाई करने का काम करता था। संजय मित्तल अपहरणकांड में बॉक्सर गैंग में जेपी भी शामिल था। बॉक्सर उर्फ विक्की सहित पंाच आरोपियों को एसओजी ने पहले ही गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है। वहीं जितेंद्र उर्फ जेपी फरार चल रहा था। उस पर आगरा जोन से 15 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया था। बुधवार रात सूचना मिली कि जितेंद्र दीक्षित उर्फ जेपी अपने साथियों की गिरफ्तारी का बदला लेने के लिए संजय मित्तल की हत्या करने के उद्देश्य से आया हुआ है।
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सूचना पर एसओजी प्रभारी शैलेद्र टीम के साथ पहुंचे और आरोपी जितेंद्र उर्फ जेपी को गिरफ्तार कर लिया। उसके पास से संजय मित्तल अपहरणकांड में प्रयुक्त बोलेरो कार बरामद की है। साथ ही आरोपी के कब्जे से एक देशी पोनिया 315 बोर, 10 कारतूस, एक देशी रिवाल्वर पांच कारतूस 32 बोर के मिले हैं। पकड़े गए आरोपी के खिलाफ कार्रवाई करते हुए जेल भेज दिया गया है। जितेंद्र उर्फ जेपी को गिरफ्तार करने वाली पुलिस टीम को नकद पुरस्कार देने की घोषणा की गई है।
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चौथी बार जेल गया है जेपी
एसएसपी अजय कुमार ने बताया कि जितेंद्र उर्फ जेपी दीक्षित चौथीबार जेल गया है। वर्ष 2010 में टूंडला पुलिस ने चौथ वसूली के आरोप में गिरफ्तार कर जेल भेजा था। जबकि वर्ष 2015 में न्यू आगरा पुलिस ने तमंचा सहित गिरफ्तार किया था। इससे पूर्व एक बार और जेल जा चुका है।

17 हजार रुपये के लिए बन गया शातिर अपराधी
जितेंद्र दीक्षित उर्फ जेपी शातिर अपराधी नहीं था। वह मात्र 17 हजार रुपये के लिए अपराधी बन गया। जेपी ने बताया कि बच्चे की तबीयत खराब होने के कारण उसने विक्की उर्फ बॉक्सर से 17 हजार रुपये उधार लिए थे। बॉक्सर से जेपी की मुलाकात जेल में हुई थी। संजय मित्तल अपहरणकांड को अंजाम देने के लिए बॉक्सर ने फोन करके बुलाया था। कहां काम हो गया तो 17 हजार रुपये पटने के साथ ही अच्छा रुपया भी मिल जाएगा। इससे तुम्हारी आर्थिक स्थिति भी ठीक हो जाएगी। आर्थिक स्थित संभालने के लिए जेपी ने संजय मित्तल अपहरणकांड में बॉक्सर और उसके गैंग का साथ दिया था।


अपहरणकांड में प्रयोग की गई थी चोरी के बोलेरो
संजय मित्तल अहरणकांड में बॉक्सर गैंग ने जिस बोलेरो का प्रयोग किया था। वह चोरी की थी। इसका खुलासा एसएसपी अजय कुमार ने किया है। पुलिस बोलेरो को ट्रेस आउट कर उसके मालिक का पता लगाने की बात कह रही है। जेपी बॉक्सर गैंग का हथियार सप्लाई भी करता था।
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