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झूलते विद्युत तार बन सकते हैं हादसे का सबब
Updated Fri, 08 Dec 2017 11:19 PM IST
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जर्जर तार
- फोटो : अमर उजाला
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कासगंज। विद्युत विभाग के द्वारा झूलते हुए विद्युत तारों की ओर ध्यान नहीं दिया जा रहा हैं। जबकि यह विद्युत तार हादसे का कारण बन सकते हैं। लोग अपने मकानों तक इन तारों को पोल न होने के कारण बांस बल्लियों के सहारे ले जा रहे हैं।
मोहल्ला जय जयराम में गली पल्लेदारान में विद्युत के तार काफी नीचे से गुजर रहे हैं। यदि कोई बालक भी गली से गुजरता हैं तो वह भी इसकी चपेट मे आ सकता हैं। गली में सड़क से लगभग चार फुट ऊंचाई से यह तार गुजर रहे हैं।
रात में यह दिक्कत और भी बढ़ जाती हैं। बच्चों को गली में छोड़ने के लिए उनके अभिभावक स्वयं आते हैं। सिर से छूते हुए झूलते यह तार कभी भी हादसे का कारण बन सकता हैं। विद्युत पोल न होने से कारण यहां तार झूल रहे हैं।
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इसके अतिरिक्त कई अन्य बस्तियों में विद्युत पोल न होने के कारण झूल रहे हैैं। लोग इन तारों को झूलने से बचाने के लिए बांस बल्लियों को लगा देते हैं। इन बांस बल्लियों के सहारे से लोग काफी काफी दूर तक बाशिंदे मकान तक बिजली के तारों को ले जाते हैं। पाल नगर, गंगेश्वर कालोनी, अशोक नगर, लालपुर, लवकुशनगर सहित अन्य कई बस्तियों में भी विद्युत के तार झूल रहे हैं।
इन तारों से हादसा होने की आशंका बनी रहती हैं। कई बार तो वाहनों के आने से यह तार टूट जाते हैं, जिससे लोगों के मकानों की बिजली गुल जाती हैं। तारों के बार बार टूटने से नई केबल डलवाने में उन्हें आर्थिक क्षति उठानी पड़ती हैं। यदि विद्युत विभाग इन बस्तियों में विद्युत पोल लगाकर तारों को ऊंचा करवा दे तो हादसों की आशंका नहीं रहेगी।
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मोहल्ला जय जयराम में गली पल्लेदारान में विद्युत के तार काफी नीचे से गुजर रहे हैं। यदि कोई बालक भी गली से गुजरता हैं तो वह भी इसकी चपेट मे आ सकता हैं। गली में सड़क से लगभग चार फुट ऊंचाई से यह तार गुजर रहे हैं।
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रात में यह दिक्कत और भी बढ़ जाती हैं। बच्चों को गली में छोड़ने के लिए उनके अभिभावक स्वयं आते हैं। सिर से छूते हुए झूलते यह तार कभी भी हादसे का कारण बन सकता हैं। विद्युत पोल न होने से कारण यहां तार झूल रहे हैं।
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इसके अतिरिक्त कई अन्य बस्तियों में विद्युत पोल न होने के कारण झूल रहे हैैं। लोग इन तारों को झूलने से बचाने के लिए बांस बल्लियों को लगा देते हैं। इन बांस बल्लियों के सहारे से लोग काफी काफी दूर तक बाशिंदे मकान तक बिजली के तारों को ले जाते हैं। पाल नगर, गंगेश्वर कालोनी, अशोक नगर, लालपुर, लवकुशनगर सहित अन्य कई बस्तियों में भी विद्युत के तार झूल रहे हैं।
इन तारों से हादसा होने की आशंका बनी रहती हैं। कई बार तो वाहनों के आने से यह तार टूट जाते हैं, जिससे लोगों के मकानों की बिजली गुल जाती हैं। तारों के बार बार टूटने से नई केबल डलवाने में उन्हें आर्थिक क्षति उठानी पड़ती हैं। यदि विद्युत विभाग इन बस्तियों में विद्युत पोल लगाकर तारों को ऊंचा करवा दे तो हादसों की आशंका नहीं रहेगी।