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राशन दुकानें निरस्त कराने को डीलर लगा रहे चक्कर
Updated Thu, 20 Jul 2017 11:42 PM IST
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मेरठ ईपीओएस
- फोटो : SELF
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एटा।
जिले के सभी निकाय क्षेत्रों में पीओएस मशीनों से राशन वितरण शुुरू होने से बाद से राशन डीलर टेंशन में हैं। पहली समस्या नेटवर्क तो दूसरी समस्या डीलरशिप की आड़ में कालाबाजारी का धंधा चौपट होना है। पीओएस मशीन के कारण टेंशन में आए डीलर अब डीलरशिप निरस्त कराने के लिए पूर्ति विभाग और माननीयों के चक्कर लगा रहे हैं।
जिला मुख्यालय के अलावा, जलेसर, अवागढ़, निधौली, मारहरा, सकीट, जैथरा, अलीगंज और राजा का रामपुर में कुल 75 राशन डीलर हैं। इनमें से 74 राशन डीलर के यहां पीओएस मशीनो से राशन का वितरण शुरू हो चुका है। पूर्ति विभाग ने दो पीओएस मशीन ग्रामीण क्षेत्र में भी लगाई हैं। लेकिन प्वाइंट ऑफ सेल मशीनें से राशन वितरण में सबसे बड़ी बाधा नेटवर्क की आ रही है। वहीं अभी तक रशन का वितरण रजिस्टर से होने पर राशन डीलर घटतौली एवं कालाबाजारी भी कर लेते थे, लेकिन पीओएस मशीनों ने इस गोलमाल पर लगाम लगा दी है। इसके चलते कालाबाजारी और घटतौली बंद होने से डीलर पूर्ति विभाग और नेताओं के चक्कर लगा कर डीलरशिप निरस्त कराने की कोशिश में जुट गए हैं। हालांकि जिले में अभीतक किसी की डीलरशिप निरस्त नहीं हुई है।
आधार लिंक नहीं तो मोबाइल नंबर से मिलेगा राशन
जिला पूर्ति अधिकारी उमेश कुमार मिश्रा ने बताया कि आधार कार्ड लिंक राशन धारकों को ही राशन मिलेगा। अब शासन ने आधार कार्ड लिंक नहीं होने पर मोबाइल नंबर से राशन वितरण के आदेश दिए हैं। अब राशन लेने जाने पर कार्ड धारक को मोबाइल नंबर पीओएस मशीन में डालना होगा। मोबाइल नंबर वेरीफाई होते ही ओटीपी और प्रॉक्सी नंबर जनरेट होगा। इसी के आधार पर राशन मिलेगा।
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जिले में 78 प्रतिशत राशन कार्ड आधार लिंक
जिला पूर्ति अधिकारी उमेश मिश्रा ने बताया कि जिले में 2,59,861 राशन कार्ड धारक हैं। इन राशन कार्ड पर 12,37,169 सदस्यों के नाम दर्ज हैं। डीएसओ की माने तो 78 प्रतिशत राशन कार्ड को आधार से लिंक कराया जा चुका है
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जिले के सभी निकाय क्षेत्रों में पीओएस मशीनों से राशन वितरण शुुरू होने से बाद से राशन डीलर टेंशन में हैं। पहली समस्या नेटवर्क तो दूसरी समस्या डीलरशिप की आड़ में कालाबाजारी का धंधा चौपट होना है। पीओएस मशीन के कारण टेंशन में आए डीलर अब डीलरशिप निरस्त कराने के लिए पूर्ति विभाग और माननीयों के चक्कर लगा रहे हैं।
जिला मुख्यालय के अलावा, जलेसर, अवागढ़, निधौली, मारहरा, सकीट, जैथरा, अलीगंज और राजा का रामपुर में कुल 75 राशन डीलर हैं। इनमें से 74 राशन डीलर के यहां पीओएस मशीनो से राशन का वितरण शुरू हो चुका है। पूर्ति विभाग ने दो पीओएस मशीन ग्रामीण क्षेत्र में भी लगाई हैं। लेकिन प्वाइंट ऑफ सेल मशीनें से राशन वितरण में सबसे बड़ी बाधा नेटवर्क की आ रही है। वहीं अभी तक रशन का वितरण रजिस्टर से होने पर राशन डीलर घटतौली एवं कालाबाजारी भी कर लेते थे, लेकिन पीओएस मशीनों ने इस गोलमाल पर लगाम लगा दी है। इसके चलते कालाबाजारी और घटतौली बंद होने से डीलर पूर्ति विभाग और नेताओं के चक्कर लगा कर डीलरशिप निरस्त कराने की कोशिश में जुट गए हैं। हालांकि जिले में अभीतक किसी की डीलरशिप निरस्त नहीं हुई है।
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आधार लिंक नहीं तो मोबाइल नंबर से मिलेगा राशन
जिला पूर्ति अधिकारी उमेश कुमार मिश्रा ने बताया कि आधार कार्ड लिंक राशन धारकों को ही राशन मिलेगा। अब शासन ने आधार कार्ड लिंक नहीं होने पर मोबाइल नंबर से राशन वितरण के आदेश दिए हैं। अब राशन लेने जाने पर कार्ड धारक को मोबाइल नंबर पीओएस मशीन में डालना होगा। मोबाइल नंबर वेरीफाई होते ही ओटीपी और प्रॉक्सी नंबर जनरेट होगा। इसी के आधार पर राशन मिलेगा।
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जिले में 78 प्रतिशत राशन कार्ड आधार लिंक
जिला पूर्ति अधिकारी उमेश मिश्रा ने बताया कि जिले में 2,59,861 राशन कार्ड धारक हैं। इन राशन कार्ड पर 12,37,169 सदस्यों के नाम दर्ज हैं। डीएसओ की माने तो 78 प्रतिशत राशन कार्ड को आधार से लिंक कराया जा चुका है