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अरहर की दाल में रंग, दूध में मिला डिटर्जेंट

Mon, 03 Jun 2019 11:29 PM IST
Agra Bureau आगरा ब्यूरो
Updated Mon, 03 Jun 2019 11:29 PM IST
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अरहर की दाल में रंग, दूध में मिला डिटर्जेंट
milk - फोटो : amar ujala
एटा। जिले में मिलावटखोरी पर लगाम लगाने के दावों की नमूनों की जांच में पोल खुली है। जिले की दुकानों से लिए गए 11 खाद्य पदार्थों के नमूने फेल हो गए। अरहर की दाल में मैटेलिक रंग और दूध में डिटर्जेंट मिलने की पुष्टि हुई है। खाद्य सुरक्षा विभाग ने विक्रेताओं को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है।
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विभाग की टीम ने चार मई को जलेसर के हलवाई खाना से जितेंद्र के यहां से अरहर की दाल का नमूना लिया था। जांच के दौरान दाल पर पॉलिश थी और मैटेलिक रंग मिला था जोकि स्वास्थ्य के लिए हानिकारक है। इसके साथ ही 27 फरवरी को ओरनी में रीतेश कुमार के यहां से लिए गए दूध के नमूने में डिटर्जेंट पाया गया। इसे असुरक्षित मानते हुए स्वास्थ्य के लिए खतरनाक बताया गया। इसके अलावा 18 मार्च को अलीगंज के सराय अड्डा निवासी अमित कुमार और मेवाती मोहल्ला के अनिल कुमार के यहां से लिए गए कचरी के नमूने में भी रंग मिलने की पुष्टि हुई। वहीं 11 मार्च को जलेसर के आगरा चौराहा के राजेंद्र के यहां से लिया गया रंगीन बर्फी, 12 मार्च को हाथी गेट पर राहुल के यहां से लिया गया खोया बर्फी, 13 मार्च को घंटाघर पर नरेंद्र पुरी का खोया, मैनगंज पर देवेंद्र का खोया, 16 मार्च को धुमरी स्थित मैनगंज में सुनील का खोया, जैथरा के अशोक गुप्ता ब्रजवासी स्वीट्स का खोया, अलीगंज के मातादीन मिष्ठान्न भंडार के सोवरन सिंह का खोया अधोमानक पाए गए। खाद्य सुरक्षा विभाग ने सभी विक्रेताओं को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है।
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कार्बाइड से पके फल भेजे तो कार्रवाई
गर्मी के मौसम में कार्बाइड से पके फलों को बेचने पर शासन ने सख्ती जताई है। शासन के निर्देश पर खाद्य सुरक्षा विभाग ने फल विक्रेताओं को हिदायत दी है। जिला अभिहित अधिकारी जेपी तिवारी ने कहा है कि कार्बाइड से पके फल सेहत के लिए नुकसानदेह है। ऐसे फल बेचते पाए जाने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
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इनका कहना है
जांच में 11 नमूने फेल हुए हैं। तीन नमूनों में मैटेलिक रंग और एक में डिटर्जेंट पाया गया है। विक्रेताओं को नोटिस दिए गए हैं। जवाब मिलने के बाद अग्रिम कार्रवाई की जाएगी।
जेपी तिवारी, जिला अभिहित अधिकारी एटा
कहते हैं आंकड़े
206 नमूने लिए गए साल भर में
195 नमूनों की जांच रिपोर्ट हुई प्राप्त
63 नमूने पाए गए अधोमानक
22 नमूनों में नियमों का उल्लंघन
18 नमूने किए गए असुरक्षित घोषित
02 लाख 75 हजार का वसूला जुर्माना
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