फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   7 family members, including 3 minors murdered in Ghaziabad

जानिए, कैसे हुए 7 कत्ल और ये 5 अनसुलझे सवाल

Thu, 23 May 2013 02:20 AM IST
गाजियाबाद/अरीश रिज़वी
गाजियाबाद/अरीश रिज़वी Updated Thu, 23 May 2013 02:20 AM IST
विज्ञापन
7 family members, including 3 minors murdered in Ghaziabad

पुलिस की तफ्तीश कई बिंदुओं पर टिकी है। सबसे पुख्ता बिंदु हैं फुटप्रिंट और हाथ के निशान।

विज्ञापन


पुलिस सूत्रों ने बताया कि घर में पुलिस को स्पोट्ऱ्स शूज के खून से सने हुए एक कातिल के कई फुटप्रिंट मिले हैं। जूता नौ नंबर का है। ये निशान ड्राइंग रूम बालकनी और जीने के आसपास हैं।

कैसे हुआ कत्ल? पुलिस की थ्योरी
थ्योरी-1: कातिल तीन और जानकार रहे हों। रात नौ बजे के आसपास घर में दाखिल हो गए। उस समय सतीश, मंजू, सचिन, नेहा और अमन बेडरूम में कलर्स चैनल देख रहे हों। क्योंकि सुबह पुलिस को कलर्स चैनल चलता मिला है।
विज्ञापन


प्रथम तल पर बने कमरे में रेखा और मेघा टीवी देख रही होंगी। वहां भी कलर्स चैनल ही पुलिस को चलता मिला। हमलावरों ने पहले पहले सतीश और सचिन का मर्डर किया। मंजू को मारा।
विज्ञापन
विज्ञापन


नेहा और अमन जान बचाने को भागे तो उन्हें जीने के पास पकड़कर मार डाला। फिर ऊपर गए और रेखा और मेघा का कत्ल कर दिया।

थ्योरी-2: कातिल घर में दाखिल हुए। उनका सतीश से किसी बात पर झगड़ा हुआ हो, उन्होंने सतीश पर हमला किया तो उन्हें बचाने सचिन आया।

हमलावरों ने दोनों को मार डाला और मंजू चिल्लाई तो उसे भी मार डाला। कमरा खोलकर बच्चे भागे हों तो उन्हें भी मार डाला।

इलेक्ट्रोनिक सर्विलांस
पुलिस की तफ्तीश में इलेक्ट्रोनिक सर्विलांस भी अहम भूमिका निभाएगा। पुलिस ने उस समय उस एरिया में रहे मोबाइल नंबरों की कॉल डिटेल खंगालनी शुरू कर दी है। कितने लोग वारदात के वक्त रात सात बजे से 12 बजे तक वहां रहे।

सीसी टीवी कैमरा रात 8:23 बजे हो गया बंद
सतीश गोयल के घर के सामने एक मेडिकल स्टोर है, जिसके गेट पर सीसीटीवी कैमरा लगा हुआ है।

पुलिस ने इसकी फुटेज खंगाली तो उसमें रात 8:23 बजे तक की फुटेज है, जिसमें शाम पांच बजे दो बच्चे जाते हुए दिख रहे हैं, फिर एक महिला और इसके बाद एक व्यक्ति।


इसके बाद रोजमर्रा की तरह कैमरा बंद कर दिया गया। चोपड़ा मेडिकल स्टोर संचालक ने बताया कि वह साढ़े आठ बजे के आसपास ही रोजाना स्टोर बंद करते हैं। पुलिस ने उससे पूछताछ भी की।

सवाल-दर-सवाल
- क्यों किया गया पूरे परिवार का खात्मा?
- ऐसा क्या विवाद था कि कातिल ने इतनी बेरहमी से मारा?
- वारदात कर भागने के बजाय कातिल आराम से फरार हुए?
- कातिल किस वाहन से आए और कैसे फरार हुए?
- कातिलों को किसी ने देखा क्यों नहीं?

वारदात की वजह
संपत्ति, बिल्डर या प्रापर्टी डीलिंग को लेकर कोई रंजिश या कोई दुश्मनी।

कब-कब क्या-क्या हुआ
मंगलवार रात 9:00 बजे- लोगों ने झगड़े की आवाज सुनी
बुधवार सुबह 9:00 बजे- कंपाउंडर इंजेक्शन लगाने आया
9:05 बजे- पड़ोसियों को कंपाउंडर ने बताया
9:07 बजे- पुलिस को सूचना दी गई
12 बजे के बाद- आईजी जोन, मेरठ रेंज के तमाम एसएसपी पहुंचे

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed