Social Engineering Scam: बहुत खतरनाक है सोशल इंजीनियरिंग स्कैम, फंस गए तो हो जाएंगे बर्बाद!

अमित कुमार
टेक डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्लीअमित कुमार
Tue, 11 Jun 2024 07:15 PM IST
सार

क्या आप सोशल इंजीनियरिंग स्कैम के बारे में जानते हैं। अगर नहीं तो आपके लिए इस स्कैम के बारे में जानना बेहद जरूरी है। इस स्कैम में एक बार फंस गए तो फिर स्कैमर्स अपना काम पूरा करने के बाद ही छोड़ते हैं।

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social engineering scams in workplace why employees need to recheck these messages from top boss
Social Engineering Scams - फोटो : Freepik

    विस्तार

    अगर आपकी काम करने वाली जगह पर कोई अनजान फोन नंबर से कॉल करके कोई अहम जानकारी पूछे तो आपको सावधान होने की जरूरत है। यह एक तरह का स्कैम हो सकता है, इस तरह के स्कैम को सोशल इंजीनियरिंग स्कैम या फिर इंसानी हैकिंग भी कहते हैं। ये तो आप जानते ही होंगे कि इन दिनों कई तरह के स्कैम चल रहे हैं, जहां पर लोगों को स्कैम की सही जानकारी नहीं होती है। ऐसे में वह आसानी से स्कैम का शिकार हो जाते हैं।

    सोशल इंजीनियरिंग स्कैम अधिकतर अपनी ही काम करने वाली जगह पर होता है। इस स्कैम के तहत कोई अनजान इंसान खुद को बड़ा अधिकारी या फिर बोस बताकर किसी योजना के बारे में जल्दी से संवेदनशील जानकारी हासिल करना चाहता है। इस दौरान की गई लापरवाही काफी भारी साबित हो सकती है।

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    सोशल इंजीनियरिंग स्कैम में स्कैमर्स सामने वाले को सोचने का बहुत ही कम समय देते हैं, ताकि जो जानकारी मुश्किल से मिलती या फिर नहीं मिलती, उसे आसानी से हासिल किया जा सकें। स्कैमर्स सामने वाले पर एक अलग तरह का प्रेशर बनाते हैं और संवेदनशील जानकारी प्राप्त कर लेते हैं।

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    किसी भी अहम या फिर संवेदनशील जानकारी को हासिल करने का सबसे अच्छा तरीका सोशल इंजीनियरिंग स्कैम है। इस स्कैम में स्कैमर्स खुद को वरिष्ठ अधिकारी या फिर आपका सहकर्मी बताते हैं। इसके साथ स्कैमर्स अपनी बातों से सामने वाले को अपने भरोसे में लेते हैं और उनसे सीक्रेट जानकारी हासिल कर लेते हैं।

    कई बार भरोसा इतना अधिक हो जाता है कि स्कैमर्स आसानी से सामने वाले के किसी डिवाइस में मैलवेयर की मदद से संवेदनशील जानकारी चुरा लेते हैं। जब तक इस तरह के स्कैम की समझ आती है, तब तक बहुत देर हो चुकी होती है। ज्यादातर मामलों में स्कैमर्स क्रेडिट कार्ड की डिटेल, बैंकिंग डिटेल, लॉगइन जानकारी, सुरक्षित सिस्टम में छेड़छाड़ और किसी संगठन की साइबर सुरक्षा पर हमला करना मकसद होता है।

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