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राजधानी में गहराया जलसंकट, अब चौथे दिन मिल रहा ानी
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परियोजनाओं में गाद आने और अफसरों की आपसी खींचतान से पानी के लिए बढ़ी मारामारी
क्रॉसर
मेयर ने बुलाई बैठक, कंपनी ने तैयार किया शेड्यूल
आज से अब तीसरे दिन सप्लाई देने का है दावा
अमर उजाला ब्यूरो
शिमला। राजधानी में पेयजल संकट गहरा गया है। गिरि, गुम्मा में गाद आने और कंपनी के अधिकारियों के बीच बढ़ती खींचतान के चलते शहर के कई इलाकों में चौथे दिन पानी की सप्लाई मिल रही है। यही नहीं कुछ इलाकों में तो चौथे दिन भी कम प्रेशर से और थोड़ी देर के लिए पानी मिल रहा है। शनिवार को शिमला शहर के लिए सभी परियोजनाओं से 32 एमएलडी से ज्यादा पानी मिला।
यह सामान्य से सिर्फ 12 एमएलडी कम रहा। इसके बावजूद पेयजल शेड्यूल पटरी पर नहीं आ रहा। कंपनी के फील्ड में तैनात अधिकारी जनता और पार्षदों के फोन तक नहीं उठा रहे। इस पर मेयर सत्या कौंडल ने शनिवार को कंपनी के अधिकारियों को अपने कार्यालय में तलब किया। एजीएम से पूछा कि आपके जेई, एसडीओ फोन क्यों नहीं उठाते, उन्हें पेयजल शेड्यूल क्यों मालूम नहीं है। एजीएम ने बताया कि शहर को कितना पानी मिला, कहां इसकी सप्लाई होगी, इसकी जानकारी सुबह ही स्टाफ को दे दी जाती है। बावजूद इसके स्टाफ क्यों फोन नहीं उठाता, इसकी जानकारी नहीं है। एजीएम ने जेई, एसडीओ समेत सारे अधिकारियों को मेयर कार्यालय में ही बुला लिया। यहां मेयर के सामने इनसे जवाब मांगा। निर्देश दिए कि सभी फील्ड स्टाफ फोन उठाए। मेयर ने निर्देश दिए कि गाद को देखते हुए कम से कम तीसरे दिन पानी देना सुनिश्चित किया जाए।
अब तीसरे दिन सप्लाई, आज यहां आएगा पानी
मेयर से बैठक के बाद पेयजल कंपनी ने पानी का नया शेड्यूल तैयार कर दिया है। इसके अनुसार शहर में अब एक दिन छोड़कर यानि तीसरे दिन पानी दिया जाएगा। रविवार को सेंट्रल जोन के रुल्दूभट्ठा, फिंगास्क, लोअर बाजार, रामबाजार, कृष्णानगर, लालपानी, पीएनटी कालोनी, कालीबाड़ी, मिडल बाजार, मालरोड, लक्कड़ बाजार जोन के भराड़ी, कैलस्टन, कुफ्टाधार, केल्टी, हारमिंगटन, चौड़ा मैदान जोन के टूटीकंडी, रिड़का, घोड़ाचौकी, टुटू, मज्याठ, कामनोदवी, अपनर चक्कर, संजौली जोन के चलौंठी, ढींगू, नेरीधार, समिट्री, गाहन, संजौली चौक, इंजनघर, सांगटी, मल्याणा, नॉर्थ ओक, न्यू शिमला जोन के पंथाघाटी, सरघीण, मेहली, शकराला, कंगनाधार, बीसीएस, छोटा शिमला जोन के कसुम्पटी बाजार, परिमहल, ऐराहोम, जीवणू कालोनी, छोटा शिमला, खलीनी एरिया में पानी की सप्लाई दी जाएगी। इसके अलावा बाकी इलाकों में सोमवार को पानी आएगा। एजीएम हरमेश भाटिया ने बताया कि पानी की सप्लाई सुधरने तक शहर में तीसरे दिन पानी देंगे।
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जलसंकट के लिए प्रशासन भी जिम्मेदार
बरसात थमने के बावजूद गिरि पेयजल परियोजना में गाद जारी है। कैचमेंट में अवैध रूप से डंप किए मलबे के पहाड़ अभी भी गिरि में गिर रहे हैं। हाईकोर्ट ने पेयजल स्रोतों के किनारे अवैध डंपिंग पर रोक लगाई है लेकिन जिला प्रशासन इन आदेशों को इस बार भी लागू नहीं कर पाया। कंपनी ने इस बारे में प्रमाण सहित प्रशासन को शिकायत दी थी, लेकिन कुछ नहीं हुआ। अब हालत यह है कि बरसात थमने के बावजूद गिरि में शनिवार को भी गाद के चलते सिर्फ दो पंप चलाए जा सके हैं। इस पूरे महीने शिमला शहर में पानी की सप्लाई सुचारु होना मुश्किल है।
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मेयर ने बुलाई बैठक, कंपनी ने तैयार किया शेड्यूल
आज से अब तीसरे दिन सप्लाई देने का है दावा
अमर उजाला ब्यूरो
शिमला। राजधानी में पेयजल संकट गहरा गया है। गिरि, गुम्मा में गाद आने और कंपनी के अधिकारियों के बीच बढ़ती खींचतान के चलते शहर के कई इलाकों में चौथे दिन पानी की सप्लाई मिल रही है। यही नहीं कुछ इलाकों में तो चौथे दिन भी कम प्रेशर से और थोड़ी देर के लिए पानी मिल रहा है। शनिवार को शिमला शहर के लिए सभी परियोजनाओं से 32 एमएलडी से ज्यादा पानी मिला।
यह सामान्य से सिर्फ 12 एमएलडी कम रहा। इसके बावजूद पेयजल शेड्यूल पटरी पर नहीं आ रहा। कंपनी के फील्ड में तैनात अधिकारी जनता और पार्षदों के फोन तक नहीं उठा रहे। इस पर मेयर सत्या कौंडल ने शनिवार को कंपनी के अधिकारियों को अपने कार्यालय में तलब किया। एजीएम से पूछा कि आपके जेई, एसडीओ फोन क्यों नहीं उठाते, उन्हें पेयजल शेड्यूल क्यों मालूम नहीं है। एजीएम ने बताया कि शहर को कितना पानी मिला, कहां इसकी सप्लाई होगी, इसकी जानकारी सुबह ही स्टाफ को दे दी जाती है। बावजूद इसके स्टाफ क्यों फोन नहीं उठाता, इसकी जानकारी नहीं है। एजीएम ने जेई, एसडीओ समेत सारे अधिकारियों को मेयर कार्यालय में ही बुला लिया। यहां मेयर के सामने इनसे जवाब मांगा। निर्देश दिए कि सभी फील्ड स्टाफ फोन उठाए। मेयर ने निर्देश दिए कि गाद को देखते हुए कम से कम तीसरे दिन पानी देना सुनिश्चित किया जाए।
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अब तीसरे दिन सप्लाई, आज यहां आएगा पानी
मेयर से बैठक के बाद पेयजल कंपनी ने पानी का नया शेड्यूल तैयार कर दिया है। इसके अनुसार शहर में अब एक दिन छोड़कर यानि तीसरे दिन पानी दिया जाएगा। रविवार को सेंट्रल जोन के रुल्दूभट्ठा, फिंगास्क, लोअर बाजार, रामबाजार, कृष्णानगर, लालपानी, पीएनटी कालोनी, कालीबाड़ी, मिडल बाजार, मालरोड, लक्कड़ बाजार जोन के भराड़ी, कैलस्टन, कुफ्टाधार, केल्टी, हारमिंगटन, चौड़ा मैदान जोन के टूटीकंडी, रिड़का, घोड़ाचौकी, टुटू, मज्याठ, कामनोदवी, अपनर चक्कर, संजौली जोन के चलौंठी, ढींगू, नेरीधार, समिट्री, गाहन, संजौली चौक, इंजनघर, सांगटी, मल्याणा, नॉर्थ ओक, न्यू शिमला जोन के पंथाघाटी, सरघीण, मेहली, शकराला, कंगनाधार, बीसीएस, छोटा शिमला जोन के कसुम्पटी बाजार, परिमहल, ऐराहोम, जीवणू कालोनी, छोटा शिमला, खलीनी एरिया में पानी की सप्लाई दी जाएगी। इसके अलावा बाकी इलाकों में सोमवार को पानी आएगा। एजीएम हरमेश भाटिया ने बताया कि पानी की सप्लाई सुधरने तक शहर में तीसरे दिन पानी देंगे।
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जलसंकट के लिए प्रशासन भी जिम्मेदार
बरसात थमने के बावजूद गिरि पेयजल परियोजना में गाद जारी है। कैचमेंट में अवैध रूप से डंप किए मलबे के पहाड़ अभी भी गिरि में गिर रहे हैं। हाईकोर्ट ने पेयजल स्रोतों के किनारे अवैध डंपिंग पर रोक लगाई है लेकिन जिला प्रशासन इन आदेशों को इस बार भी लागू नहीं कर पाया। कंपनी ने इस बारे में प्रमाण सहित प्रशासन को शिकायत दी थी, लेकिन कुछ नहीं हुआ। अब हालत यह है कि बरसात थमने के बावजूद गिरि में शनिवार को भी गाद के चलते सिर्फ दो पंप चलाए जा सके हैं। इस पूरे महीने शिमला शहर में पानी की सप्लाई सुचारु होना मुश्किल है।