इस तीर्थ स्थल पर गरमाई सियासत, भाजपा और कांग्रेस नेताओं के तीखे बोल
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मकर संक्रांति पर तीर्थ स्थल तत्तापानी को लेकर भाजपा और कांग्रेस पार्टी आमने-सामने हो गई हैं। शनिवार को तत्तापानी में भाजपा द्वारा आयोजित एक कार्यक्रम में भाजपा सांसद रामस्वरूप ने राज्य सरकार को जमकर कोसा।
उन्होंने कहा डीपीआर बनाई गई होती तो आज तत्तापानी को पुराना स्वरूप मिल जाना था। उन्होंने तीर्थ स्थल की दुर्दशा के लिए कांग्रेस सरकार को दोषी ठहराया। कहा, कोल डैम ने तीर्थ स्थल और स्थानीय जनता को भिखारी बना दिया है।
वहीं भाजपा के इस कार्यक्रम में हिमाचल सरकार के मुख्य संसदीय सचिव मनसा राम भी एकाएक पहुंच गए। हालांकि मनसा राम को मंच से संबोधन का मौका नहीं मिला। सीपीएस मनसा राम ने मंच से उतरकर पत्रकारों से बातचीत में कहा कि कांग्रेस सरकार ने चार करोड़ की धनराशि देकर गर्म पानी के चश्मे बहाल करवाए हैं। उन्होंने कहा भाजपा की झूठ की राजनीति करती है।
सांसद ने सीएम पर भी साधा निशाना
सांसद रामस्वरूप शर्मा ने मनसाराम का तत्तापानी को लेकर जारी आंदोलन में सहयोग करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार की लापरवाही के चलते तीर्थ स्थल तत्तापानी को पुराना स्वरूप नहीं मिल सका।
मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह को इस स्थल को पुराने स्वरूप के तौर पर तैयार करने के लिए एक प्लान से अवगत कराया था। सरकार को उस प्रस्ताव की डीपीआर तैयार कर केंद्र को भेजने का आग्रह किया था लेकिन, प्रदेश सरकार ने अभी तक डीपीआर तैयार नहीं की। स्थानीय लोगों की जमीनें तक ले ली र्गईं और उन्हें उचित मुआवजा भी नहीं दिया।
उन्होंने कहा कि जब तक तीर्थ स्थल को पुराना स्वरूप नहीं मिलता, उनका आंदोलन जारी रहेगा। वहीं मनसा राम ने सांसद पर पलटवार करते हुए कहा कि तीर्थ स्थल के नाम पर राम स्वरूप झूठी राजनीति कर अपना नाम चमकाने का काम कर रहे हैं।