टूरिस्ट की ऐसी मौत कि रूह कांप जाएगी
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महाराष्ट्र से शिमला घूमने आए एक सैलानी की हार्ट अटैक से मौत हो गई। सैलानी की पहचान श्याम सुंदर के तौर पर हुई है। यह अपने परिचित के यहां फागली आए थे। रविवार सुबह जब बर्फबारी हो रही थी तो उनका स्वास्थ्य बिगड़ने लगा। इन्हें तुरंत निजी कार से अस्पताल ले जाया गया लेकिन माल रोड़ पर स्कैंडल प्वाइंट के पास कार दोपहर करीब साढ़े बारह बजे फंस गई।
कार आगे की ओर नहीं जा पा रही थी। सड़क साफ न होने के कारण चालक को कार चलाने में दिक्कत आ रही थी। उधर, सैलानी का स्वास्थ्य बिगड़ता जा रहा था। तुरंत उपचार की जरूरत थी। गाड़ी को बर्फ में फंसा देख, वहां से गुजर रहे लोगों ने मदद की और कार को रिज तक काफी मशक्कत के बाद पहुंचाया। अस्पताल में मरीज को डाक्टरों ने मृत घोषित कर दिया।
स्थानीय लोगों का कहना है कि नगर निगम और प्रशासन बर्फबारी से निपटने के दावे तो बहुत कर रहा है, लेकिन हकीकत उलट है। अगर सड़क साफ होती तो शायद मरीज का जान बच जाती। आईजीएमसी के वरिष्ठ चिकित्सा अधीक्षक डा. रमेश ने कहा कि मरीज की मौत हार्ट अटैक से हुई है। शव का पोस्टमार्टम किया जा रहा है।
हांफी एंबुलेंस सेवा, पीठ पर उठाए मरीज
अस्पतालों की सड़कों को बहाल रखने के अलावा 108 में चेन लगाकर चलाने दावे खोखले साबित हुए। शहर में जगह जगह से इमरजेंसी के लिए 108, 102 एंबुलेंस सेवा को फोन हुए। मगर वाहन नहीं पहुंच सका। इस कारण शहर के लोगों को परेशानी पेश आई। जिला प्रशासन ने 108 में चेन लगाकर चलाने की बात कही थी, ऐसा कुछ भी नहीं हुआ।
मरीजों को लोग पीठ पर उठाकर अस्पताल पहुंचाते नजर आए। करीब चार बजे के बाद शहर के अस्पतालों को जोड़ने वाली सड़कों से बर्फ हटाई जा सकी। बावजूद इन सड़कों पर बिना चेन के गाड़ी या एंबुलेंस चलाना मुश्किल हो रहा था।
डांढा के पास टूरिस्ट बस फंसी लंबा जाम, परेशान हुए लोग
डांढा में टूरिस्ट बस फंस गई है। इससे यहां देर रात तक लंबा जाम लग रहा। देर रात तक बस वहीं फंसी थी। यहां करीब सौ छोटी गाड़ियां फंस गई हैं। कई लोग यहां फंस गए हैं। लोअर हिमाचल से आने वाली बसों वहीं फंस गई हैं। लोअर को जाने वाली बसें भी यहां फंसी हुई हैं।
केएनएच से नहीं मिली करसोग को एंबुलेंस
केएनएच से करसोग के लिए 102 पर कॉल करने के बावजूद महिला रमिला और उसके नवजात बच्चे को ले जाने के लिए एंबुलेंस नसीब नहीं हो पाई। अस्पताल से इनको दो बजे डिस्चार्ज कर दिया गया था। इसके बाद टेकचंद अपने बच्चे और पत्नी को घर ले जाने के लिए घंटों इंतजार करता रहा। टेक चंद का आरोप है कि 102 पर फोन करने पर जवाब मिला कि फिलहाल कोई सुविधा उपलब्ध ही नहीं है।
आदेश आएंगे तो ही व्यवस्था: विक्रम
108 एंबुलेंस सेवा के शिमला प्रभारी विक्रांत का कहना है कि जिला प्रशासन के साथ हुई बैठक में दो सुमो में चेन लगाकर शहर में बर्फ के दौरान चलाए जाने का फैसला हुआ था, मगर अभी तक सरकार की ओर से ऐसे कोई आदेश नहीं मिले हैं। आदेश आने पर ही ऐसी सेवा चलाई जा सकेगी। अगर आदेश मिलते हैं इन पर जरूर कार्रवाई की जाएगी।
कार्ट रोड ढहने से लोगों पर दोहरी मार
कार्ट रोड ढहने के बाद जनता पर दोहरी मार पड़ रही है। सड़क बंद होने से लोगों को गंतव्य तक पहुंचने में दोगुना समय लग रहा है। एचआरटीसी और प्राइवेट बस ऑपरेटर यात्रियों से किराये के एवज में दोगुनी वसूली कर रहे हैं। ओल्ड बस स्टैंड से विकास नगर का किराया 10 रुपये है लेकिन बसें वाया टूटीकंडी बाईपास जाने पर यात्रियों को 17 से 20 रुपये तक किराया देना पड़ रहा है।
छोटा शिमला का किराया 5 से 6 रुपये है, पर वाया लक्कड़ बाजार जाने पर 14 से 16 रुपये वसूले जा रहे हैं। कई निजी बस के चालक और परिचालक संजौली से यात्रियों को यह कहकर बैठा रहे हैं कि बस स्टैंड जा रहे हैं। उनसे बस स्टैंड का पूरा किराया लेने के बाद बस स्टैंड जाने के बजाय बस को टॉलैंड से ही वापस संजौली के लिए मोड़ देते हैं।
दूरी के हिसाब से ही लगेगा किराया : नेगी
परिवहन निगम के क्षेत्रिय प्रबंधक देवासेन नेगी ने कहा कि सरकारी बसों में किराया दूरी के हिसाब से लिया जा रहा है। बस अगर वाया आईएसबीटी जाएगी तो किराया ज्यादा लगेगा यह हमने पहले ही स्पष्ट कर दिया था।
किलोमीटर बढ़ने पर ही बढ़ा किराया : चड्ढा
प्राइवेट बस ऑपरेटर यूनियन के महासचिव अमित चड्ढा ने कहा कि किराया सरकार की ओर से निर्धारित प्रति किलोमीटर के हिसाब से लिया जा रहा है। कोई परिचालक ज्यादा किराया वसूल रहा है तो लोग बस पर लिखे नंबरों पर शिकायत करें।
इसके अलावा कोई विकल्प नहीं: मल्होत्रा
डीसी दिनेश मल्होत्रा ने कहा कि लोगों की सहूलियत को ध्यान में रखते हुए ही यह ट्रैफिक प्लान बनाया है। इसके अलावा और कोई विकल्प नहीं था। सड़क को जल्द दुरुस्त कर बहाल किया जाएगा।
शिमला- मंडी एनएच बंद
राजधानी शिमला को लोअर हिमाचल से जोड़ने वाले शिमला- मंडी ( एनएच-88(205) मार्ग भी रविवार को बर्फबारी के कारण बंद रहा। बर्फबारी के कारण दोपहर करीब चार बजे तक सड़क बंद रही। लोक निर्माण विभाग ( एनएच) ने करीब तीन बजे सड़क से बर्फ हटाने को मशीन लगाई। उसके बाद करीब 3.45 पर शिमला से हमीरपुर की ओर पहली बस भेजी गई। सड़क पर हीरानगर से लेकर शिमला की ओर डांढा तक सड़क पर बर्फ होने के कारण जगह जगह छोटी बड़ी गाड़ियां फंसती रही।
गाड़ियों के स्किड होने के कारण सड़क पर ट्रैफिक बाधित रहा। इस कारण लोगों को हीरानगर से लेकर शिमला तक पैदल ही आना पड़ा। बालुगंज सड़क भी सुबह से ही बंद रही। एनएच के एसडीओ गुरदास का कहना है कि सड़क से बर्फ हटाने को लोडर लगाया गया है, देर शाम तक बर्फ हटाकर सड़क बहाल कर दी जाएगी।