हिमाचल के 20 और शहरों में लागू हुआ टीसीपी एक्ट
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हिमाचल सरकार ने 20 और नगर परिषद एवं नगर पंचायतों में टीसीपी एक्ट लागू कर दिया है। अब इन निकायों में टीसीपी नियमों के तहत ही भवन निर्माण हो सकेगा। अभी हिमाचल के कुल 54 शहरों में से केवल 34 शहरों में यह एक्ट लागू था।
अब सभी निकायों में यह नियम लागू होंगे। प्रधान सचिव (टीसीपी) प्रबोध सक्सेना ने मंगलवार को अधिसूचना जारी कर दी है। जिन नगर परिषदों व नगर पंचायतों में टीसीटी एक्ट लागू हुआ है
उनमें अर्की, सरकाघाट, राजगढ़, कोटखाई, रिवालसर, दौलतपुर, टाहलीवाल, चुवाड़ी, संतोषगढ़, करसोग, जुब्बल, बंजार, सुन्नी, कांगड़ा और ज्वाली के अलावा नप नगरोटा बगवां, नूरपुर, देहरा, नयनादेवी, ज्वालामुखी शामिल हैं।
प्रदेश सरकार ने टीसीपी का दायरा बढ़ाने के लिए कई नगर पंचायतों में साथ लगते कई गांवों को शामिल किया है, ताकि निकायों की जनसंख्या नियमों के अनुरूप हो सके।
अर्की नपं के साथ चार गांव अर्की खास, देवधार, जांगल और शीलपुर शामिल किए गए हैं। नपं कोटखाई में गैहर और चूल, दौलतपुर के साथ बाड़ी, कुहाई देवी, टाहलीवाल के साथ टाहलीवाल अपर-लोअर, नंगल कलां, नंगल जटपुर और कांगड़ा में भवन, बंगला, मिसन, पुराना कांगड़ा और गुप्त गंगा गांव जोड़े गए हैं।
नगरोटा बगवां में लिदवाड़ और बाला, नयनादेवी में बघारन, मंडैहली और बडोह और जवाली में भोल भनाई, मकरां पाट्टन, लुभ टुपवी, खैहरियां, बसंतपुर, जवाली 1,2,3 और धांग नए गांव जोड़े गए हैं।