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Himachal: सुक्खू सरकार ने पलटा एक और फैसला, बिजली बोर्ड के 12 मंडल, 17 उपमंडल और तीन ऑपरेशन सर्किल किए बंद

Tue, 20 Dec 2022 06:46 PM IST
Krishan Singh न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिमला
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिमला Published by: Krishan Singh Updated Tue, 20 Dec 2022 06:46 PM IST
सार

 नई सरकार ने प्रदेश में बिजली बोर्ड के 12 विद्युत मंडल, 17 उपमंडल और तीन ऑपरेशन सर्किल बंद कर दिए हैं। बोर्ड प्रबंधन ने मंगलवार को 32 कार्यालयों को डिनोटिफाई किया है। 

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Sukhu government denotified 12 electrical divisions and three operation circles of hpseb
सुखविंद्र सिंह सुक्खू। - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

हिमाचल प्रदेश की नवनिर्वाचित कांग्रेस की सुक्खू सरकार ने पूर्व जयराम सरकार का एक और फैसला पलट दिया है। नई सरकार ने प्रदेश में बिजली बोर्ड के 12 विद्युत मंडल, 17 उपमंडल और तीन ऑपरेशन सर्किल बंद कर दिए हैं। बोर्ड प्रबंधन ने मंगलवार को 32 कार्यालयों को डिनोटिफाई किया है। चीफ इंजीनियरों से इन नए कार्यालयों को खोलने पर स्पष्टीकरण देने के लिए कहा है। अब स्थानीय स्तर पर जरूरतों को देखते हुए सरकार इन सभी कार्यालयों की समीक्षा करेगी। प्रदेश सरकार ने पूर्व मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर सहित पूर्व मंत्री महेंद्र सिंह और राकेश पठानिया के गृह विधानसभा क्षेत्रों में खोले गए कार्यालय बंद कर दिए हैं।

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इन कार्यालयों में तैनात अधिकारियों और कर्मचारियों को साथ लगते कार्यालयों में तैनाती दी गई है। बिजली बोर्ड के कार्यकारी अधिकारी कार्मिक मनोज कुमार की ओर से जारी अधिसूचना में बताया गया है कि विद्युत मंडल नेरचौक, शिलाई, सराहन, संगड़ाह, सुजानपुर, थुनाग, नागनी, भावानगर, तीसा, हरोली, बंजार, थानाकलां, भोरंज और थुरल को बंद किया गया है। नूरपुर, भवारना और धर्मपुर में बनाए गए नए ऑपरेशन सर्किल को भी बंद किया गया है। इसके अलावा 17 उपमंडल कार्यालय भी बंद कर दिए गए हैं।
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चीफ इंजीनियरों से इन कार्यालयों को दोबारा खोलने के लिए नए सिरे से पूरा स्पष्टीकरण देते हुए प्रस्ताव भेजने के लिए कहा गया है। बता दें कि इससे पूर्व प्रदेश सरकार मंडी हवाई अड्डे के सर्वेक्षण की एजेंसी को बदल चुकी है। शिवा प्रोजेक्ट का कार्यालय भी बंद किया गया है। उधर, राज्य बिजली बोर्ड कर्मचारी यूनियन के महासचिव हीरालाल वर्मा ने सरकार के इस फैसले का स्वागत किया है। वर्मा ने कहा कि विधानसभा चुनाव से पहले पिछली सरकार ने राजनीतिक लाभ लेने के लिए इन कार्यालयों को खोला था। कर्मचारियों के अभाव के चलते इन कार्यालयों के खोलने से उपभोक्ताओं को दी जा रही सेवाएं बुरी तरह से प्रभावित हो रही थीं। बिजली बोर्ड भी बड़े वित्तीय संकट से गुजर रहा है।
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यहां क्लिक कर देखें कहां कितने कार्यालय बंद किए

बीते छह महीने में बिना बजट के कई फैसले लिए गए, सभी की होगी समीक्षा: अग्निहोत्री 

 प्रदेश में कांग्रेस सरकार बनने के बाद वादे पूरा न करने के भाजपा के आरोपों पर उप मुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने पलटवार किया है। उन्होंने कहा कि भाजपा के नेताओं में इस समय नेता प्रतिपक्ष बनने के लिए होड़ मची है। इसलिए बढ़-चढ़कर बयान दिए जा रहे हैं।  उप मुख्यमंत्री बनने के बाद पहली बार ऊना पहुंचे मुकेश अग्निहोत्री ने जिले के प्रवेश द्वार मैहतपुर में पत्रकारों से बातचीत में कहा कि अभी सरकार को बने 10 दिन का समय हुआ है। भाजपा के लोग थोड़ा धैर्य बनाकर रखें। कांग्रेस ने ओल्ड पेंशन स्कीम (ओपीएस) सहित जितने भी वादे किए हैं, उन पर पहली कैबिनेट बैठक में मुहर लगेगी।

उन्होंने कहा कि भाजपा के लोग मिलकर ये सोचें कि उनकी सल्तनत कैसे डूब गई। उन्होंने कहा कि बीते छह महीने में बिना टेंडर और बिना बजट के कई फैसले लिए गए हैं जो चुनावों से प्रेरित थे। उन सभी की समीक्षा की जाएगी। उन्होंने कहा कि पहले बजट में सारी प्राथमिकताएं तय हो जाएंगी। कैबिनेट के गठन पर उन्होंने कहा कि यह मुख्यमंत्री का विशेषाधिकार है और इस पर केंद्रीय आलाकमान से चर्चा के बाद फैसला लेंगे। भाजपा पर तंज कसते हुए उन्होंने कहा कि ‘अभी से आपकी आंखों में आ गए आंसू, अभी तो छेड़ी नहीं दास्तां हमने’। 

एचआरटीसी की 1,000 बसें जीरो वैल्यू से नीचे
उप मुख्यमंत्री ने कहा कि हिमाचल प्रदेश परिवहन निगम (एचआरटीसी) की 1,000 बसें जीरो वैल्यू के नीचे हैं। एचआरटीसी के 94 प्रतिशत रूटों पर घाटा हो रहा है और मात्र छह प्रतिशत लाभ में हैं। प्रदेशभर में एचआरटीसी की 3,500 बसें चल रही हैं और परिवहन निगम 1,350 करोड़ के घाटे में है। उन्होंने कहा कि जल्द ही इसको लेकर उचित कदम उठाए जाएंगे।

पाइप खरीद की होगी जांच
अग्निहोत्री ने कहा कि प्रदेश भर में भारी मात्रा में पाइपों की खरीद की गई, जो जगह-जगह बिखरे हैं। अगले 10 साल के पाइप भी पहले से खरीद लिए गए। यह खरीद क्यों की गई और इसके जरिये किसे करोड़ों का लाभ पहुंचाया गया, इसकी पूरी जांच की जाएगी। 

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