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हिमाचल: पांच दिन में 65 लोगों को स्क्रब टायफस ने जकड़ा, विभाग ने जारी की एडवाइजरी
Thu, 10 Oct 2019 10:28 AM IST
Krishan Singh
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिमला
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिमला
Published by: Krishan Singh
Updated Thu, 10 Oct 2019 10:28 AM IST
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हिमाचल में स्क्रब टायफस का प्रकोप बढ़ रहा है। पांच दिन के भीतर प्रदेश के अस्पतालों में 165 मरीज उपचार के लिए पहुंचे। इनमें से 65 में स्क्रब टायफस की पुष्टि हुई है। इतने मरीज आने पर प्रदेश सरकार ने बीमारी से बचाव के लिए एडवाइजरी जारी की है।
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स्वास्थ्य विभाग ने लोगों से घरों के आसपास साफ सफाई और घास के बीच न जाने की हिदायत दी है। हिमाचल में इस सीजन में अब तक स्क्रब टायफस के 1150 रोगी अस्पताल पहुंच गए हैं और 12 के करीब लोगों की मौत हो चुकी है। बिलासपुर के सर्वाधिक 320 मामले सामने आए हैं।
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कांगड़ा में 117, हमीरपुर में 205, मंडी में 163, शिमला में 155, सोलन में 71, चंबा में 22, कुल्लू 41 और किन्नौर में एक और सिरमौर में 14 मामले सामने आए हैं।
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स्वास्थ्य विभाग के आंकड़ों के मुताबिक शिमला में पांच, जबकि मंडी जिले में दो मरीजों की इस बीमारी से मौत हो चुकी है। बिलासपुर में एक और कांगड़ा में दो लोग इस बीमारी का ग्रास बन चुके हैं। हमीरपुर और किन्नौर में भी एक-एक व्यक्ति की मौत हो चुकी है।
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हिमाचल में बीमारी का निशुल्क उपचार
अतिरिक्त मुख्य सचिव स्वास्थ्य आरडी धीमान ने कहा कि हिमाचल में इस बीमारी का इलाज निशुल्क किया गया है। बुखार आने से लोगों को तुरंत अस्पताल आने की सलाह दी जा रही है। इसको लेकर एडवाइजरी भी जारी की गई है।
ऐसे होता है स्क्रब टायफस
बरसात के मौसम में घास में पनपने वाले पिस्सू के काटने से यह रोग फैलता है। इस कारण मरीज को सिरदर्द, बुखार के साथ जोड़ों में दर्द, शरीर में दर्द, कंपकंपी और शरीर पर लाल दाने, शरीर का थका होना जैसी समस्या होती है। ऐसे लक्षण होने पर मरीज को तुरंत चिकित्सकों के पास उपचार करवाने आना चाहिए।
ऐसे करें बचाव
बरसात के दिनों में घर के आसपास घास और झाड़ियां न उगने दें। घर के इर्द-गिर्द साफ.-सफ ाई का ध्यान रखें। इसके अलावा खेतों में काम करने के दौरान पैरों और बाजुओं को अच्छे से ढककर रखना चाहिए। पार्क में टहलते हुए या पेड़ पौधों के बीच जाने से पहले पूरी बाजू के कपड़े पहनें। दो दिन से अधिक बुखार हो तो तुरंत उपचार करवाना चाहिए। रक्त की जांच भी करवानी चाहिए।
ऐसे होता है स्क्रब टायफस
बरसात के मौसम में घास में पनपने वाले पिस्सू के काटने से यह रोग फैलता है। इस कारण मरीज को सिरदर्द, बुखार के साथ जोड़ों में दर्द, शरीर में दर्द, कंपकंपी और शरीर पर लाल दाने, शरीर का थका होना जैसी समस्या होती है। ऐसे लक्षण होने पर मरीज को तुरंत चिकित्सकों के पास उपचार करवाने आना चाहिए।
ऐसे करें बचाव
बरसात के दिनों में घर के आसपास घास और झाड़ियां न उगने दें। घर के इर्द-गिर्द साफ.-सफ ाई का ध्यान रखें। इसके अलावा खेतों में काम करने के दौरान पैरों और बाजुओं को अच्छे से ढककर रखना चाहिए। पार्क में टहलते हुए या पेड़ पौधों के बीच जाने से पहले पूरी बाजू के कपड़े पहनें। दो दिन से अधिक बुखार हो तो तुरंत उपचार करवाना चाहिए। रक्त की जांच भी करवानी चाहिए।