नेताओं की नींद उड़ा देगा शांता कुमार का ये नया बयान
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लैटर बम फोड़ने के बाद शांता कुमार ने एक और बड़ा बयान दिया है। उनके इस बयान से भाजपा, कांग्रेस समेत सभी पार्टियों के नेताओं की नींद उड़ सकती है। भाजपा के वरिष्ठ नेता एवं सांसद शांता कुमार ने संसद में चल रहे गतिरोध को लेकर एक बार फिर ‘काम नहीं तो वेतन नहीं’ की बात कही है।
शांता ने कहा कि जब संसद में काम ही नहीं होगा तो वेतन किस बात का। उन्होंने कहा कि संसद में शोर मचाने के पैसे नहीं मिलने चाहिए। गौरतलब है कि संसद में कांग्रेस ने सरकार पर जमकर निशाना साधते हुए हंगामा किया था। संसद सत्र से ठीक पहले अमित शाह को पत्र लिखकर चर्चा में आने वाले शांता का ये नया बयान भी बहस खड़ी कर सकता है।
शोकसभा या शोरसभा बन चुकी है लोकसभा
शांता ने कहा कि कांग्रेस ने संसद की गरिमा की सारी सीमाएं तोड़ दी हैं। दिल्ली से जारी बयान में शांता ने कहा कि कांग्रेस खुली बहस से भाग रही है। संसद में गतिरोध चरम पर है जो देश के लिए दुर्भाग्यपूर्ण है। विश्व के सबसे बड़े लोकतंत्र की सबसे बड़ी प्रतिनिधि सभा में इस दृश्य से विश्व भर में भारत का सिर नीचा हो रहा है।
दुर्भाग्य से यह लोकसभा शोकसभा या शोरसभा बन चुकी है। केवल शोक प्रस्ताव के समय दो मिनट का मौन होता है अन्यथा शोर ही सुनाई देता है। उन्होंने कहा कि देश में 60 करोड़ लोग एक हजार रुपये महीना कमाकर गुजारा कर रहे हैं। 11 करोड़ लोग भुखमरी से दम तोड़ रहे हैं। ऐसे देश के चुने हुए प्रतिनिधियों को केवल शोर मचाने के लिए वेतन और भत्ता नहीं दी जा सकता।