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Shimla News: सेमडीकोट ने कुल्लू मामले में की निष्पक्ष जांच करने की मांग
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शिमला। स्टेट एसोसिएशन ऑफ मेडिकल एंड डेंटल कॉलेज टीचर्स (सेमडीकोट) ने क्षेत्रीय अस्पताल कुल्लू मामले में निष्पक्ष जांच की मांग की है। इसके बाद ही दोषियों पर कार्रवाई करने के लिए कहा है।
एसोसिएशन का कहना है कि प्रसूता की मृत्यु होना दुखद है और इसके लिए सभी चिकित्सकों ने दिवंगत महिला के परिवार के प्रति अपनी गहरी संवेदनाएं व्यक्त की हैं। हालांकि, विशेषज्ञों और उपलब्ध चिकित्सकीय तथ्यों के अनुसार मामला एम्नियोटिक फ्लूइड एम्बोलिज्म का लग रहा है। यह ऐसी स्थिति है जिसमें समय पर उचित चिकित्सा उपलब्ध होने के बावजूद कई बार रोगी को बचा पाना मुश्किल हो जाता है। एसोसिएशन के अनुसार चिकित्सक ने प्रसूता की मृत्यु के वास्तविक कारणों का पता लगाने के लिए पोस्टमार्टम का अनुरोध किया था लेकिन परिजनों ने इससे इन्कार कर दिया। सेमडीकोट ने कहा कि ऐसी स्थिति में बिना किसी वैज्ञानिक साक्ष्य के चिकित्सक पर लापरवाही का आरोप लगाना पूरी तरह गलत है। एसोसिएशन ने स्पष्ट किया कि वह जांच के खिलाफ नहीं हैं लेकिन बिना जांच के अस्पताल का घेराव करना और चिकित्सकों के विरुद्ध भीड़ एकत्र करना अनुचित है।
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एसोसिएशन का कहना है कि प्रसूता की मृत्यु होना दुखद है और इसके लिए सभी चिकित्सकों ने दिवंगत महिला के परिवार के प्रति अपनी गहरी संवेदनाएं व्यक्त की हैं। हालांकि, विशेषज्ञों और उपलब्ध चिकित्सकीय तथ्यों के अनुसार मामला एम्नियोटिक फ्लूइड एम्बोलिज्म का लग रहा है। यह ऐसी स्थिति है जिसमें समय पर उचित चिकित्सा उपलब्ध होने के बावजूद कई बार रोगी को बचा पाना मुश्किल हो जाता है। एसोसिएशन के अनुसार चिकित्सक ने प्रसूता की मृत्यु के वास्तविक कारणों का पता लगाने के लिए पोस्टमार्टम का अनुरोध किया था लेकिन परिजनों ने इससे इन्कार कर दिया। सेमडीकोट ने कहा कि ऐसी स्थिति में बिना किसी वैज्ञानिक साक्ष्य के चिकित्सक पर लापरवाही का आरोप लगाना पूरी तरह गलत है। एसोसिएशन ने स्पष्ट किया कि वह जांच के खिलाफ नहीं हैं लेकिन बिना जांच के अस्पताल का घेराव करना और चिकित्सकों के विरुद्ध भीड़ एकत्र करना अनुचित है।
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