हजारों शिक्षकों की नौकरी पर लटकी तलवार
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शिक्षा विभाग की लापरवाही से प्रदेश के हजारों प्राथमिक सहायक शिक्षकों (पैट) की नौकरी पर तलवार लटक गई है। कई साल से रेगुलर होने की राह ताक रहे ऐसे 3,278 शिक्षक एक अप्रैल 2015 को टर्मिनेट हो सकते हैं। दो साल की ट्रेनिंग के बाद इन शिक्षकों को डिप्लोमा इन एलीमेंटरी एजूकेशन मिलेगा और नियमितीकरण के लिए योग्यता पूरी करेंगे। दरअसल, केंद्र ने दो साल की ट्रेनिंग को पूरा करने के लिए सभी राज्यों को मार्च 2015 तक का समय दिया है।
प्रदेश शिक्षा विभाग की लापरवाही के चलते हिमाचल में यह ट्रेनिंग 9 से 10 महीने देरी से शुरू हुई है। ऐसे में मार्च 2015 तक यह ट्रेनिंग पूरी नहीं हो सकती। नेशनल काउंसिल फॉर टीचर एजूकेशन की ओर से जारी पत्र में स्पष्ट किया है कि मार्च 2015 तक ट्रेनिंग पूरी नहीं करने वाले पैट शिक्षक स्वत: ही टर्मिनेट हो जाएंगे।
ट्रेनिंग दो साल की लेकिन एमओयू एक साल का
निदेशक प्रारंभिक शिक्षा अशोक शर्मा भी मानते हैं कि मार्च 2015 तक किसी भी हाल में दो साल की ट्रेनिंग पूरी नहीं होगी। पैट की ट्रेनिंग को लेकर विभाग गंभीर है। उन्होंने बताया कि अगले हफ्ते कुछ अधिकारी एक्सटेंशन के लिए दिल्ली जा रहे हैं।
पैट शिक्षकों का आरोप है कि विभाग ने दो साल की ट्रेनिंग के लिए एक साल का एमओयू साइन किया है। यदि दो साल का एमओयू पहले से ही साइन होता तो एक्सटेंशन की जरूरत ही नहीं रहती। उधर, विभाग की लापरवाही के चलते ट्रेनिंग भी देरी से शुरू हुई है, जिस कारण ट्रेनिंग के करीब 10 महीने का समय बर्बाद हो गया है।