दिल के मरीज के लिए देवदूत बनकर पहुंची पुलिस टीम, 160 किमी का सफर कर पहुंचाईं दवाइयां
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दिल की बीमारी से जूझ रहे हिमाचल के सिरमौर जिले के रोनहाट के रामभज के लिए पुलिस की टीम देवदूत बनकर पहुंच गई। जिला मुख्यालय से करीब 160 किमी दूर टीम ने रामभज के लिए दवाइयां पहुंचाईं। दरअसल, रोनहाट उपतहसील के कुलाह गांव के रामभज (58) दिल की बीमारी से जूझ रहे हैं। इनकी दवाइयां खत्म होने की कगार पर थीं। आसपास के मेडिकल स्टोर में दवाइयां नहीं मिल रही थीं।
इस पर रामभज ने प्रशासन से मदद मांगी। इस पर डीसी सिरमौर डॉ. आरके परूथी ने जिला मुख्यालय से 160 किमी दूर रामभज के गांव तक दवाइयां पहुंचाने की व्यवस्था की। इसका जिम्मा सिरमौर के एसपी अजय कृष्ण शर्मा को दिया गया। इसके बाद पुलिस कर्मियों ने रामभज के गांव कुलाह जाकर दवाइयों की डिलीवरी की।
दिल की गंभीर बीमारी से जूझ रहे रामभज के लिए पुलिस और प्रशासन देवदूत बन कर सामने आए हैं। डीसी डॉ. आरके परूथी ने बताया कि रामभज के बेटे ने फोन कर मदद मांग थी। इसके बाद दवाइयों की पर्ची मांगी गई। पुलिस अधीक्षक सिरमौर अजय कृष्ण शर्मा के माध्यम से पीड़ित तक दवाइयों का पैकेट भिजवाया गया है।
कोलकाता में परिवार को पहुंचाया राशन
वहीं, ऊना जिले में विस क्षेत्र कुटलैहड़ के पवन कुमार अपने बेटे सुनील की शादी करवाने के लिए 17 लोगों के साथ कोलकाता गए और बहू को लेकर घर आना था। शादी तो विधिपूर्वक हो गई, लेकिन इसी बीच लॉकडाउन की घोषणा हो गई। तब से लेकर आज तक लंबे समय से पूरा परिवार कोलकाता में ही फंस गया है।
इस परिवार के लिए भोजन का प्रबंध कन्या पक्ष की ओर से ही किया जा रहा है। ऐसे में इस परिवार ने मदद के लिए कुटलैहड़ क्षेत्र के विधायक और कैबिनेट मंत्री वीरेंद्र कंवर के साथ संपर्क किया। इसके बाद कैबिनेट मंत्री वीरेंद्र कंवर और डीसी संदीप कुमार ने परिवार तक कोलकाता में राहत के लिए राशन सामग्री दिलाने का प्रबंध किया है।