फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Shimla News ›   pk dhumal targets cm virbhadra singh.

'सीएम ही आपा खो दें, तो कौन संभाले सदन'

Mon, 31 Aug 2015 12:12 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, शिमला
ब्यूरो/अमर उजाला, शिमला Updated Mon, 31 Aug 2015 12:12 PM IST
विज्ञापन
pk dhumal targets cm virbhadra singh.

विधानसभा के भीतर विधायकों में हाथापाई की नौबत के लिए नेता प्रतिपक्ष प्रेम कुमार धूमल ने मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह को जिम्मेदार ठहराया है। उनका कहना है कि सत्तापक्ष जब बहस से भागने का प्रयास करेगा, मुद्दों पर चर्चा नहीं होने देगा तो विपक्ष प्रोटेस्ट करेगा ही।

विज्ञापन


संयम बरतना सत्तापक्ष खासकर मुख्यमंत्री की जिम्मेदारी है। अगर सदन का नेता ही आपा खो दे तो सदन कौन संभालेगा। अमर उजाला से बातचीत में नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि जब वह मुख्यमंत्री थे तो विपक्ष के लोगों ने उनका टेबल तक थपथपाया था लेकिन उन्होंने मुस्कुराकर बात टाल दी।
विज्ञापन


मुख्यमंत्री आपको सारी घटना के लिए जिम्मेदार मान रहे हैं? इस सवाल के जवाब में धूमल ने कहा कि वीरभद्र सिंह को उनके नाम का फोबिया हो गया है। चाहे उनके बगीचे में सेब उत्पादन तीन साल में 40 गुणा बढ़ जाए, सेब को स्कूटर और कारों में ढोएं, वकामुल्ला उन्हें करोड़ों रुपये दे या गलत इनकम टैक्स रिटर्न भरें, वे सबके लिए धूमल को ही दोषी मानते हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


वीरभद्र सिंह आत्म विवेचन करें उन्हें खुद अनुभव हो जाएगा कि दोष किसका है। देश में कहीं ऐसा नहीं हुआ कि सदन में एक मुख्यमंत्री ने विपक्षी दल के अध्यक्ष के ऊपर कागज फाड़कर फेंके हों। उन्होंने कहा कि हमारी जो कमी रहेगी, उसे आत्म विवेचन कर दूर करने का प्रयास करेंगे।

सोमवार को सदन चलेगा या नहीं, ये मुख्यमंत्री और अध्यक्ष के व्यवहार पर निर्भर करेगा। शुक्रवार को भी हंगामे के बाद सत्तापक्ष और विपक्ष के नेता को बैठाकर गतिरोध तोड़ने का प्रयास नहीं हुआ।

अध्यक्षों-उपाध्यक्षों की फौज का हो हिसाब- नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि सरकार केवल बदला-बदली की भावना से काम कर रही है। विकास कार्य ठप पड़े हैं। अध्यक्षों-उपाध्यक्षों की फौज खड़ी कर अनावश्यक खर्चों का बोझ डाल दिया गया है। प्रदेश के विकास में इनका क्या योगदान है इसका भी हिसाब सामने आना चाहिए।

सूबे में खनन माफिया, वन माफिया, भू माफिया व शराब माफिया के साथ-साथ स्थानांतरण माफिया भी काम कर रहा है। सीएम ने मंडी दौरे के दौरान घोषणा की थी कि हफ्ते में सड़कें नहीं सुधरीं तो संबंधित अधिकारियों को डिमोट करेंगे। धूमल ने कहा कि सड़कें तो नहीं सुधरीं, अब सीएम बताएं कितने अधिकारियों को डिमोट किया। सेब बेल्ट की प्रमुख ठियोग-हाटकोटी सड़क तीन साल में ठीक नहीं हो सकी है।


भ्रष्टाचार को दबाया जा रहा- धूमल ने कहा कि चंबा और तारादेवी में अवैध कटान पर सरकार गुमराह कर रही है। सरकार के अफसरों की रिपोर्ट के अनुसार चंबा के एहलमी बीट में 1807 पेड़ अवैध रूप से काटे गए हैं। सरकार कह रही है कि पेड़ों की मार्किंग भाजपा कार्यकाल में हुई, जबकि रिपोर्ट में कहा है कि मार्किंग वाले पेड़ ही नहीं काटे गए।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed