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Shimla News: बैंटनी कैसल संग्रहालय बंद परिसर में घूम सकेंगे लोग
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परिसर की सैर का नहीं लगेगा शुल्क
बैंटनी संग्रहालय का सामान राज्य संग्रहालय में शिफ्ट
संवाद न्यूज एजेंसी
शिमला। राजधानी की ऐतिहासिक इमारत बैंटनी कैसल में बनाए संग्रहालय को कुछ समय के लिए बंद कर दिया है। संग्रहालय का विस्तार किया जा रहा है। बैंटनी कैसल संग्रहालय में प्रदर्शित किए सामान को राज्य संग्रहालय चौड़ा मैदान में शिफ्ट कर दिया है।
बैंटनी कैसल का परिसर आम लोगों के लिए खुला रहेगा। लोग परिसर में बिना शुल्क के घूम सकते हैं। पहले 50 रुपये प्रति व्यक्ति शुल्क देने पर प्रवेश मिलता था। यह छूट तभी तक मिलेगी जब तक काम पूरा नहीं हो जाता। इसके अलावा शाम के समय लाइट एंड साउंड शो नियमित रूप से चलता रहेगा। बैंटनी कैसल में शिमला का पुराना इतिहास, महात्मा गांधी का शिमला दौरा, कांगड़ा कलम, चंबा थाल, कांगड़ी टोपी, शॉल और हिमाचल के स्मारकों को आकर्षक तरीके से प्रदर्शित किया है। विस्तारीकरण के दौरान भवन में एलईडी स्क्रीन की जगह इंटरएक्टिव स्क्रीन लगाई जाएंगी। इसमें स्क्रीन को टच करने मात्र से ही हिमाचल के इतिहास, संस्कृति और खानपान से जुड़ी जानकारी मिलेगी। इसकी प्रक्रिया शुरू हो गई है।
राज्य संग्रहालय अध्यक्ष हरी चौहान ने बताया कि बैंटनी कैसल हिमाचल का पहला ऐसा संग्रहालय बनेगा जिसमें इंटरएक्टिव स्क्रीन लगाई जाएगी। स्क्रीन लगने का काम पूरा नहीं हो जाता तब तक बैंटनी कैसल में बने संग्रहालय में प्रवेश वर्जित रहेगा। लाइट एंड साउंड शो देखने और परिसर में घूमने के लिए लोग नियमित रूप से आ सकते हैं।
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बैंटनी संग्रहालय का सामान राज्य संग्रहालय में शिफ्ट
संवाद न्यूज एजेंसी
शिमला। राजधानी की ऐतिहासिक इमारत बैंटनी कैसल में बनाए संग्रहालय को कुछ समय के लिए बंद कर दिया है। संग्रहालय का विस्तार किया जा रहा है। बैंटनी कैसल संग्रहालय में प्रदर्शित किए सामान को राज्य संग्रहालय चौड़ा मैदान में शिफ्ट कर दिया है।
बैंटनी कैसल का परिसर आम लोगों के लिए खुला रहेगा। लोग परिसर में बिना शुल्क के घूम सकते हैं। पहले 50 रुपये प्रति व्यक्ति शुल्क देने पर प्रवेश मिलता था। यह छूट तभी तक मिलेगी जब तक काम पूरा नहीं हो जाता। इसके अलावा शाम के समय लाइट एंड साउंड शो नियमित रूप से चलता रहेगा। बैंटनी कैसल में शिमला का पुराना इतिहास, महात्मा गांधी का शिमला दौरा, कांगड़ा कलम, चंबा थाल, कांगड़ी टोपी, शॉल और हिमाचल के स्मारकों को आकर्षक तरीके से प्रदर्शित किया है। विस्तारीकरण के दौरान भवन में एलईडी स्क्रीन की जगह इंटरएक्टिव स्क्रीन लगाई जाएंगी। इसमें स्क्रीन को टच करने मात्र से ही हिमाचल के इतिहास, संस्कृति और खानपान से जुड़ी जानकारी मिलेगी। इसकी प्रक्रिया शुरू हो गई है।
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राज्य संग्रहालय अध्यक्ष हरी चौहान ने बताया कि बैंटनी कैसल हिमाचल का पहला ऐसा संग्रहालय बनेगा जिसमें इंटरएक्टिव स्क्रीन लगाई जाएगी। स्क्रीन लगने का काम पूरा नहीं हो जाता तब तक बैंटनी कैसल में बने संग्रहालय में प्रवेश वर्जित रहेगा। लाइट एंड साउंड शो देखने और परिसर में घूमने के लिए लोग नियमित रूप से आ सकते हैं।
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