Yol Cantonment Kangra: कांगड़ा की योल छावनी से सिविल क्षेत्र को बाहर करने के आदेश
प्रदेश के जिला कांगड़ा की योल छावनी के सिविल (नागरिक) क्षेत्र को छावनी से बाहर करने के आदेश रक्षा मंत्रालय ने जारी कर दिए हैं। अब इस क्षेत्र को स्थानीय पंचायत में विलय कर दिया जाएगा।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
हिमाचल प्रदेश के जिला कांगड़ा की योल छावनी के सिविल (नागरिक) क्षेत्र को छावनी से बाहर करने के आदेश रक्षा मंत्रालय ने जारी कर दिए हैं। अब इस क्षेत्र को स्थानीय पंचायत में विलय कर दिया जाएगा। देश की यह पहली छावनी है, यहां से सिविल क्षेत्र को बाहर किया जाएगा। रक्षा संपदा विभाग के पश्चिमी कमान चंडीगढ़ के संयुक्त निदेशक ओमपाल सिंह की ओर से 19 जनवरी को इस संदर्भ में पत्र जारी कर दिया गया है। उन्होंने रोजाना होने वाली कार्रवाई को डीजी रक्षा मंत्रालय दिल्ली और पश्चिमी कमान चंडीगढ़ को अवगत करवाने के आदेश दिए हैं।
डीजी रक्षा संपदा ने हिमाचल प्रदेश के पंचायती राज विभाग के निदेशक, हेडक्वार्टर लैंड चंडी मंदिर, प्रधान छावनी बोर्ड योल, डलहौजी छावनी के सीईओ, रक्षा मंत्रालय के इस्टेट अधिकारी पठानकोट सर्कल को इन आदेशों पर कार्रवाई करने के लिए प्रतिलिपि भेजी है। इस आदेश से देश की 62 छावनियों के बाशिंदों को भी राहत मिलेगी। धीरे-धीरे सभी छावनियों के सिविल क्षेत्र को बाहर कर स्थानीय निकायों में मिला दिया जाएगा। प्रदेश छावनी वेलफेयर एसोसिएशन के प्रधान राजकुमार सिंगला, उपप्रधान मनीष शर्मा और अन्य पदाधिकारियों ने केंद्र सरकार के रक्षा मंत्रालय की ओर से जारी इन आदेशों का स्वागत किया है। उन्होंने मांग उठाई है कि अन्य छावनियों से भी सिविल क्षेत्र को भी जल्द इसी तर्ज पर बाहर किया जाए।