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पढ़ें, जीएसटी लगने से हिमाचल में क्या-क्या होगा महंगा

Thu, 04 Aug 2016 12:07 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, शिमला
ब्यूरो/अमर उजाला, शिमला Updated Thu, 04 Aug 2016 12:07 AM IST
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Online shopping Will Cost More due to Goods and Services Tax

नए गुड्स एंड सर्विसेस टैक्स (जीएसटी अधिनियम) के लागू होने से हिमाचल में कई सेवाएं महंगी होंगी जबकि कुछ सस्ती हो जाएंगी। नए जीएसटी अधिनियम से हिमाचल में ऑनलाइन शॉपिंग पर भी टैक्स इकट्ठा होगा। प्रदेश में ऑनलाइन शॉपिंग पर अभी वैट नहीं है, एंट्री टैक्स लेने को सरकार ने कानून जरूर तैयार किया है।

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अब शॉपिंग पर जीएसटी के रूप में उपभोक्ताओं से कर लेने पर ऑनलाइन शॉपिंग महंगी हो सकती है। उपभोक्ता राज्य होने के कारण ऑनलाइन शॉपिंग के माध्यम से हिमाचल को जीएसटी मिलेगा तो इससे सरकारी कोष में बढ़ोतरी होगी। टैक्सटाइल, लेवी चीनी जैसे कई उत्पाद भी जीएसटी से नहीं बचेंगे। जीएसअी लगने से राज्य में कई तरह के टैक्स खत्म हो जाएंगे।
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इसके बाद केवल एक ही टैक्स जीएसटी ही लगेगा। हिमाचल में ऑनलाइन उत्पाद कई ऐसे मैन्युफेक्चरिंग राज्यों और क्षेत्रों से ज्यादा भेजे जा रहे हैं, जहां टैक्स की दरें कम हैं। टैक्स में एकरूपता होने के बाद ऑनलाइन शॉपिंग महंगी हो सकती है। गुड्स एंड सर्विस टैक्स (जीएसटी) एक अप्रत्यक्ष कर होगा।
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इससे संबंधित अधिनियम लागू होने के बाद हर सामान और हर सेवा पर केवल एक ही टैक्स लगेगा। वैट, केंद्रीय एक्साइज, सर्विस टैक्स, लग्जरी टैक्स, एंट्री टैक्स जैसे कर नहीं रहेंगे। जीएसटी सभी तरह की सेवाओं और वस्तुओं पर लागू होगा। जीएसटी तीन स्तरों पर लगाया जाएगा।

ये रहेंगे जीएसटी से बाहर

Online shopping Will Cost More due to Goods and Services Tax

ये केंद्रीय जीएसटी, राज्य जीएसटी और एकीकृत जीएसटी के नाम से लगाया जाएगा। केंद्रीय जीएसटी और एकीकृत जीएसटी केंद्र सरकार ही लगाएगी। आम आदमी को इसका एक फायदा होगा कि इससे किसी भी सामान पर पूरे देश में एक तरह का टैक्स देना

होगा। इससे हिमाचल में भी किसी भी वस्तु की बाहरी राज्यों की तरह कीमतें होंगी। इसके अलावा हिमाचल को जीएसटी लागू होने के बाद जो नुकसान होगा, उसका मुआवजा केंद्र सरकार आगामी पांच साल तक देगी।

शराब, पेट्रोल और डीजल पर वैट का हिमाचल के राजस्व में बड़ा योगदान है। ऐसे में तमाम राज्यों की तरह हिमाचल को भी शराब पर जीएसटी नहीं लगने की राहत मिली है। इस पर हिमाचल सरकार अपने हिसाब से कर वसूली कर सकेगी।

अन्य राज्यों की तरह हिमाचल में भी केंद्र सरकार ने पेट्रोल और डीजल पर शुरुआती वर्षों में जीएसटी नहीं लगाने की राहत दी है। सरकार ने भारत सरकार से बीड़ी-सिगरेट और तंबाकू उत्पादों को भी इससे बाहर रखने की है। प्रदेश में इन उत्पादों पर भारी कर है।

आबकारी एवं कराधान विभाग के आयुक्त पुष्पेंद्र राजपूत ने बताया कि जीएसटी अधिनियम अभी लागू नहीं हुआ है। विधेयक पारित होने के बाद ही इस बारे में कुछ कहा जा सकता है। अभी इस पर वही स्थिति है, जो पूरे देश के लिए है।

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