वन विभाग के गेस्ट हाउस में ठहर सकेंगे सैलानी, वीआईपी कमरे भी मिलेंगे
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
हिमाचल प्रदेश वन विभाग के वर्षों पुराने अतिथि गृह पर्यटकों के लिए खोल दिए गए हैं। प्रथम चरण के तहत किन्नौर, रामपुर और आनी के वन सर्किल अधिकारियों के अतिथि गृहों में देश के सैलानी ठहर सकेंगे। इन गेस्ट हाउसों में ठहरने वाले अतिथियों के लिए वन विभाग के कर्मचारी ही खाने-पीने की व्यवस्था करेंगे।
ये पर्यटक वन विभाग के अतिथि गृहों के वीआईपी कमरों में भी ठहर सकेंगे। अगर पर्यटकों ने वन विभाग के अतिथि गृह के वीआईपी कमरे की बुकिंग पहले करवा दी है तो वीआईपी को यह कमरा किसी भी सूरत में नहीं दिया जाएगा।
वन विभाग के जनजातीय जिला किन्नौर, रामपुर और आनी वन वृत्त के अतिथि गृहों में पर्यटकों के ठहरने के लिए ऑनलाइन बुकिंग भी शुरू कर दी गई है। देश का कोई भी पर्यटक वन विभाग के अतिथि गृहों की ऑनलाइन बुकिंग करवा सकता है। इन कमरों को बुक कराने के लिए पर्यटक को तय धनराशि का भुगतान करना होगा।
अगर अतिथि गृह का वीआईपी और अन्य कमरा बुक हो गया तो वह किसी वीआईपी के आने पर भी खाली नहीं करवाया जा सकेगा। गौरतलब है कि अभी तक अतिथि गृहों के वीआईपी कमरों की बुकिंग सिर्फ वीआईपी के लिए ही होती थी। अब पुरानी परंपरा बदल दी है।
ये अतिथि गृह पर्यटकों के लिए खुले
वन विभाग के अतिथि गृह जंगलों के बीच वर्षों पहले बनाए गए थे। कई अतिथि गृह अंग्रेजों के समय में बनाए गए थे। इनके रखरखाव में हर साल लाखों की राशि व्यय होती है। इन अतिथि गृहों की आज भी सुंदरता देखते बनती है।
ईको टूरिज्म को बढ़ावा देने के लिए इन अतिथि गृहों को पर्यटकों के ठहरने के लिए खोला गया है। इसके साथ ही पर्यटक जंगलों के बीच ठहर कर क्षेत्र में प्रकृति के खूबसूरत नजारे भी देख सकेंगे।
ये अतिथि गृह पर्यटकों के लिए खुले- वन विभाग ने जिला शिमला के गाहन और तकलेच में एक नंबर कमरे का 700 रुपये और दो नंबर कमरे का 500 रुपये प्रति दिन किराया तय किया है। कुल्लू के नित्थर और पानियों अतिथि गृहों के एक और दो नंबर कमरे 700 रुपये प्रति दिन की दर से मिलेंगे।
जिला किन्नौर के शोल्टू और निचार में वन विभाग के अतिथि गृहों का एक नंबर कमरा 1000 रुपये प्रति दिन और दो नंबर कमरा 750 रुपये प्रति दिन के हिसाब से मिलेगा। पर्यटक इन अतिथि गृहों की बुकिंग ऑनलाइन ही कर पाएंगे।
ऑनलाइन बुकिंग कर सकते हैं पर्यटक
वन विभाग के चीफ कंजरवेटर अनिल ठाकुर ने बताया कि वन विभाग की ईको टूरिज्म सोसायटी ने तीनों वन सर्किल किन्नौर, रामपुर और आनी में वन विभाग के अतिथि गृहों के कमरों की ऑनलाइन बुकिंग पर्यटकों के लिए खोल दी है।
इन अतिथि गृहों के वीआईपी कमरे बुक होने पर किसी वीआईपी को नहीं दिए जा सकेंगे। वन विभाग के अतिथि गृह में तैनात कर्मचारी ही पर्यटकों के लिए भोजन की व्यवस्था करेंगे।
उनका कहना है कि अतिथि गृहों से होने वाली आय का 20 फीसदी सोसायटी, 20 फीसदी राज्य सरकार और शेष 60 फीसदी राशि लोकल वन मंडल स्तर की सोसायटी को जाएगी। साठ फीसदी राशि में से अतिथि गृहों की मरम्मत और देखरेख का काम होगा।