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हमीरपुर की आंगनबाड़ी सहायिका में पाई गई थी नर्वस वीकनेस
Mon, 22 Feb 2021 11:43 AM IST
अरविन्द ठाकुर
अमर उजाला नेटवर्क, हमीरपुर
अमर उजाला नेटवर्क, हमीरपुर
Published by: अरविन्द ठाकुर
Updated Mon, 22 Feb 2021 11:43 AM IST
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प्रमिला देवी (फाइल फोटो)
- फोटो : अमर उजाला
कोरोना वैक्सीन लगवाने के बाद बीमार हुई आंगनबाड़ी सहायिका प्रमिला में मुख्य रूप से नवर्स वीकनेस पाई गई थी। कोरोना वैक्सीन लगवाने के बाद वह शारीरिक रूप से कमजोर महसूस कर रही थी। वह पांच फरवरी को जांच के लिए मेडिकल कॉलेज हमीरपुर आई। फौरी जांच के बाद से उसे टांडा मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया। टांडा जांच के दौरान महिला में जीबी (गुलियन बैरी) सिंड्रोम की पुष्टि हुई। इस सिंड्रोम के कारण शरीर में कमजोरी, हाथों और पैरों में झनझनाहट होने लगती है।
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आईजीएमसी शिमला में रविवार तड़के पांच बजे महिला ने दम तोड़ दिया। हालांकि इससे पूर्व महिला किसी गंभीर बीमारी से ग्रसित नहीं थी। सीएमओ डा. अर्चना सोनी ने कहा कि महिला को मुख्य रूप से नर्वस वीकनेस की शिकायत थी। इसके चलते वह अस्पताल आई थी। टांडा मेडिकल कॉलेज हुई जांच में महिला में जीबी सिंड्रोम होना पाया गया था।
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प्रतिरक्षा में अक्षम लोग न लें वैक्सीन
- सीएमओ डा. अर्चना सोनी के अनुसार प्रतिरक्षा में अक्षम, गर्भवती या दूध पिलाने वाली मां, अन्य गंभीर बीमारियों की दवाई खाने वाले और हाई रिस्क बीमारियों वाले लोगों को कोरोना की वैक्सीन नहीं लगाई जाती है। अगर कोई अन्य बीमारी से पीड़ित व्यक्ति उस बीमारी की दवाई खा रहा हो तो डॉक्टर की सलाह पर ही उसे कोरोना वैक्सीन लगाई जाती है।
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