सीबीआई से करवाई जाए सुमित हत्याकांड की जांच: मुकेश अग्निहोत्री
कांग्रेस ने सुमित हत्याकांड की सीबीआई से जांच की मांग की है। नेता प्रतिपक्ष मुकेश अग्निहोत्री ने प्रेसवार्ता में कहा कि पुलिस ने इस मामले में कुछ नहीं किया है। सरकार इस मामले को तुरंत सीबीआई को सौंपे। उन्होंने कहा कि 19 दिन से लापता सुमित कुमार की जिन परिस्थितियों में लाश मिली है, उससे किसी बड़े हत्याकांड का संदेह है। पुलिस अपनी जांच की दिशा आगे बढ़ाने के बजाय विरोध में शामिल परिजनों पर केस बना रही है।
उन्होंने कहा कि अगर सरकार शिमला के रिज मैदान में सड़क पर शव रखकर प्रदर्शन करने वाले परिजनों को बीस लाख मुआवजा दे सकती है तो इस परिवार को भी उसी तर्ज पर मुआवजा दिया जाए और सीबीआई से जांच करवाई जाए। उन्होंने सरकार को चेताया कि अगर पुलिस बेकसूर लोगों पर डंडा चलाना चाहती है तो उसे कानून सिखाया जाएगा।
पुलिस इस मामले को आत्महत्या में बदलने की कोशिश में है। आरोप लगाया कि जिले में चोरी की वारदातें लगातार बढ़ रही हैं। पुलिस चालान काटने में ही व्यस्त है। पुलिस की ऐसी दशा इससे पहले नहीं देखी। उनके साथ विधायक सतपाल रायजादा, जिला कांग्रेस के वरिष्ठ अध्यक्ष वीरेंद्र धर्माणी मौजूद रहे।
बयान को स्पष्ट करें नड्डा
अग्निहोत्री ने कहा कि अभी जयराम सरकार को महज नौ महीने हुए हैं। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा का ब्यान आ रहा है कि प्रदेश में मुख्यमंत्री बदलने का कोई प्रयास नहीं तथा मेरा मुख्यमंत्री बनने का कोई इरादा नहीं। आखिर उन्हें इस तरह का बयान देने की जरूरत क्यों पड़ी। इससे जाहिर है कि भाजपा में गड़बड़ चल रही है। उन्होंने कहा कि नड्डा इन ब्यानों पर अपनी स्थिति स्पष्ट करें।
बोर्डों और निगमों में ताजपोशी को लेकर मुकेश ने कहा कि यही भाजपा है, जिसने कांग्रेस सरकार में नियुक्तियों का विरोध किया था और अब चीफ व्हिप और डिप्टी चीफ व्हिप जैसे पद सृजित कर दिए। उन्होंने सीएम के उस बयान को निंदनीय करार दिया, जिसमें जयराम ने कहा कि उनके पास केवल वही लोग आएं, जिन्होंने भाजपा में काम किया हो।