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Chamba: भोले के रंग में रंगा चंबा, देर रात तक गूंज रहे भजन, शिव के गूरों से आशीर्वाद लेने पहुंच रहे श्रद्धालु
Sat, 16 Sep 2023 05:57 PM IST
अरविन्द ठाकुर
संवाद न्यूज एजेंसी, चंबा
संवाद न्यूज एजेंसी, चंबा
Published by: अरविन्द ठाकुर
Updated Sat, 16 Sep 2023 05:57 PM IST
सार
पारंपरिक वाद्ययंत्रों की मधुर धुन लोगों को चौगान की तरफ आकर्षिक कर रही है। देर रात तक भजन-कीर्तन का दौर चल रहा है।
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ऐतिहासिक चौगान में शिव के गूर।
- फोटो : संवाद
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विस्तार
मणिमहेश यात्रा के चलते चंबा शहर का माहौल भक्तिमय हो गया है। सुबह से लेकर रात तक ऐतिहासिक चौगान में भगवान शंकर के जयकारे गूंज रहे हैं। शिव के गूर श्रद्धालुओं को आशीर्वाद दे रहे हैं। गूरों से आशीर्वाद लेने के लिए शहर के लोग भी पहुंच रहे हैं। पिछले दो दिन में जम्मू के भद्रवाह और डोडा सहित अन्य क्षेत्रों से सैकडों श्रद्धालु चौगान में पहुंचे हैं। चौगान श्रद्धालुओं से भर चुका है।
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जो भी जत्था जम्मू से चंबा पहुंच रहा है, वह अपनी पुरानी परंपरा के अनुसार चौगान में शिव चिह्न स्थापित कर पड़ाव डाल रहा है। हर जत्थे का चौगान में पुराना पड़ाव बना हुआ है। ऐसे में जत्थे मान्यता के अनुसार पड़ाव डाल रहे हैं। पारंपरिक वाद्ययंत्रों की मधुर धुन लोगों को चौगान की तरफ आकर्षिक कर रही है।
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देर रात तक भजन-कीर्तन का दौर चल रहा है। शिव भक्त या टेंट लगाकर रात बिता रहे हैं या खुले आसमान के नीचे कंबल ओढ़कर सो रहे हैं। श्रद्धालुओं के लिए चौगान में एक पंडाल की भी व्यवस्था है, लेकिन वहां सीमित संख्या में ही श्रद्धालु रात काट सकते हैं।
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पिछले दो दिन में चौगान में श्रद्धालुओं की संख्या काफी बढ़ चुकी है। श्रद्धालु राधाष्टमी को डलझील में पवित्र शाही स्नान करेंगे। उसके बाद चौगान में डेरा लगाकर अपने गृह क्षेत्र की तरफ रवाना होंगे। श्रद्धालुओं के अनुसार आते और जाते समय में चौगान में उनका डेरा सदियों से लग रहा है। इसी परंपरा का निर्वहन ये श्रद्धालु आज भी कर रहे हैं।