न्यू शिमला में आईटी इंजीनियर ने फंदा लगाकर दी जान
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
न्यू शिमला में आईटी इंजीनियर ने घर पर फंदे से लटककर जान दे दी। आत्महत्या के कारणों का खुलासा नहीं हो पाया है। युवक की पहचान शशिकांत नेगी (29) कनिका निवास सेक्टर छह न्यू शिमला के तौर पर हुई है। यह संजौली में एक निजी शिक्षण संस्थान में पढ़ा रहे थे। यूके से एक साल का 3 डी डिप्लोमा करके यहां लौटे थे।
घटना के समय घर पर कोई नहीं था। मौके पर पुलिस को कोई सुसाइड नोट भी नहीं मिला है। युवक का लैपटॉप और मोबाइल कब्जे में लेकर पुलिस ने आत्महत्या के कारणों की जांच शुरू कर दी है। शव को पोस्टमार्टम के बाद परिजनों के सुपुर्द कर दिया है। पुलिस के मुताबिक, मौके पर कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है। शशिकांत नेगी अपनी मां के साथ रहते थे, वह दो दिन पहले ही किन्नौर गए थे।
दरवाजा खोला तो होश उड़ गए
इनके पिता कुल्लू में एक सरकारी महकमे में अधीक्षक के पद पर तैनात हैं। रविवार सुबह साढ़े दस बजे के बाद इन्हें किसी ने नहीं देखा। रविवार शाम को शशिकांत नेगी के मामा घर आए जब वह दरवाजा खोलकर भीतर गए तो देखकर दंग रह गए। सामने उनका भांजा फंदे में झूल रहा था। उन्होंने पड़ोसियों को सूचना दी।
थाना न्यू शिमला पुलिस को घटना के बारे में करीब शाम साढ़े छह बजे खबर मिली। मौके पर डीएसपी रामलाल बंसल टीम के साथ पहुंचे और शशिकांत के परिजनों को इसकी सूचना दी। पुलिस ने परिजनों का इंतजार किया और इस दौरान आईजीएमसी से फोरेंसिक विशेषज्ञ को मौके का मुआयना करवाया गया। मौके पर जांच में फोरेंसिक विशेषज्ञ ने पाया कि यह आत्महत्या का ही मामला है।
आत्महत्या के कारणों का नहीं मिला जवाब
शशिकांत के इस कदम से हर कोई हैरत में है। आखिर ऐसा क्या था कि उसने मौत को गले लगा लिया? बताया जा रहा है वह काफी दिनों से गुमसुम था और किसी से ज्यादा बात नहीं करता था। यह भी अंदेशा जताया जा रहा है कि वह अपनी पढ़ाई के हिसाब से उस स्तर की नौकरी न मिलने से शायद दुखी रहा हो।
एसपी डीडब्ल्यू नेगी ने कहा कि आत्महत्या के कारणों का पता नहीं चल पाया है। मौके पर आईजीएमसी से फोरेंसिक विशेषज्ञ को बुलाया है। उन्होंने मौके का मुआयना करने के बाद कहा कि यह आत्महत्या का मामला है। सुसाइड नोट नहीं मिला है। इस संदर्भ में थाना न्यू शिमला में मुकदमा दर्ज कर आगामी छानबीन अमल में लाई जा रही है।