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बागवानी विकास परियोजना के मौजूदा स्वरूप पर महेंद्र सिंह ठाकुर ने उठाए सवाल

Wed, 16 May 2018 08:41 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो, शिमला
अमर उजाला ब्यूरो, शिमला Updated Wed, 16 May 2018 08:41 AM IST
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mahender singh thakur raised questions on Horticulture Development Project

जब हिमाचल में बागवानी विकास के लिए तकनीक न्यूजीलैंड की है तो इटली से महंगे सेब पौधे क्यों मंगवाए जा रहे हैं? बागवानी मंत्री महेंद्र सिंह ठाकुर ने 1134 करोड़ रुपये की बागवानी विकास परियोजना के मौजूदा स्वरूप पर सवाल उठाते हुए कहा कि

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न्यूजीलैंड की परामर्शक एजेंसी पर ही 100 करोड़ रुपये खर्च हो रहे हैं, जबकि पौधे न्यूजीलैंड से मंगवाने के बजाय इटली से मंगवाए जा रहे हैं, जबकि न्यूजीलैंड में सेब की बेहतरीन किस्में उग रही हैं। 
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ठाकुर ने कहा कि बागवानी प्रोजेक्ट में बदलाव बागवानों के ही हित में होगा। इस परियोजना को महज पांच विधानसभा क्षेत्रों तक ही सीमित कर दिया गया था। अब ये राज्य भर के उन तमाम 63 हलकों में लागू की जाएगी, जिनमें पूरी तरह से अब तक बागवानी नहीं हो रही है।
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विदेशों से महंगे पौधे मंगवाने के बजाय इन्हें हिमाचल में ही तैयार करवाया जाएगा। इन्हें बागवानों को भारी-भरकम रेट पर नहीं, बल्कि रियायती दरों पर उपलब्ध करवाएंगे। 

मैं भी सेब बागवान, खुद करता हूं प्रूनिंग

mahender singh thakur raised questions on Horticulture Development Project

जिन क्षेत्रों में दो साल से सिंचाई योजनाओं को संचालित किया जा रहा है, वहीं इसका लाभ देने को क्लस्टर बनेंगे। एक क्लस्टर में कम से कम 30 हेक्टेयर क्षेत्र को लेना होगा।

इसमें कम से कम 10 हेक्टेयर क्षेत्र में बागवानी होनी चाहिए। बागवानी विकास परियोजना और सिंचाई योजनाओं पर चर्चा करने के लिए 20, 21 और 22 मई को बैठकें बुलाई गई हैं। इनमें तय होगा कि आगे क्या करना है।  

कांग्रेस नेताओं और एक बागवान संघ की ओर से हिमाचल को बांटने के आरोप पर बागवानी मंत्री महेंद्र सिंह बोले - मैं भी सेब बागवान हूं। मेरे पास भी सेब के दो बगीचे हैं। मैं बगीचों मेें जाकर खुद प्रूनिंग करता हूं। इसलिए मैं बागवानों की परेशानियां समझता हूं।

जो लोग इसकी गलत व्याख्या कर रहे हैं, वे सही नहीं हैं। बागवानी विकास परियोजना पूरे प्रदेश के लिए आई है। प्रधान सचिव बागवानी रहे जेसी शर्मा एक अच्छे ब्यूरोक्रेट रहे हैं। उनका महकमा प्रशासनिक कारणों से बदला गया है। 

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