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#ladengecoronase: अमेरिका में इंजीनियर हिमाचल के मनोज ने एक हजार डॉलर की मदद भेजी
Sun, 06 Jun 2021 11:37 AM IST
Krishan Singh
अमर उजाला नेटवर्क, हमीरपुर
अमर उजाला नेटवर्क, हमीरपुर
Published by: Krishan Singh
Updated Sun, 06 Jun 2021 11:37 AM IST
सार
अमेरिका में इंजीनियरिंग क्षेत्र में कार्यरत बड़सर क्षेत्र के मनोज गर्ग ने तुरंत एक हजार डॉलर की मदद भेजी। स्विट्जरलैंड में कार्यरत भोटा अग्घहार के संदीप पटियाल ने 21 हजार रुपये का सहयोग किया।
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अमेरिका में इंजीनियरिंग क्षेत्र में कार्यरत बड़सर क्षेत्र के मनोज गर्ग ने तुरंत एक हजार डॉलर की मदद भेजी।
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
हिमाचल प्रदेश के हमीरपुर जिले के जवाहर नवोदय विद्यालय डुंगरी भोरंज से शिक्षा ग्रहण कर निकले नवोदियन के एक-दूसरे से जुड़े रहने के जज्बे ने कोरोना काल में सामाजिक समरसता का उदाहरण पेश किया है। इस विचार को आकार दिया वर्चुअल ग्रुप ने और जरिया बना सोशल मीडिया प्लेटफार्म। चंद रोज पूर्व ग्रुप की एक नवोदियन सीमा के परिजनों को ऑक्सीजन कंसंट्रेटर की जरूरत पड़ी। सभी सदस्यों ने सहयोग राशि एकत्र कर यह उपलब्ध करवा दिया। इसके बाद सभी एकजुट हुए। अमेरिका में इंजीनियरिंग क्षेत्र में कार्यरत बड़सर क्षेत्र के मनोज गर्ग ने तुरंत एक हजार डॉलर की मदद भेजी।
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स्विट्जरलैंड में कार्यरत भोटा अग्घहार के संदीप पटियाल ने 21 हजार रुपये का सहयोग किया।
रजनीश ने 11 हजार, बड़सर से भूपेंद्र बनियाल ने दस हजार रुपये दिए। संजय ने 5100 रुपये, मेडिकल शॉप संचालक जलाड़ी के आलोक शर्मा, नादौन से जिला लोक संपर्क अधिकारी विनय शर्मा, भारतीय जीवन बीमा निगम के डेवलपमेंट अधिकारी विनोद धीमान और नरेंद्र ने पांच-पांच हजार का योगदान दिया। इससे सहयोग राशि तीन से चार लाख रुपये हो गई है। इससे सभी सदस्यों के लिए दवाइयां, उपकरण और अन्य मदद उपलब्ध करवाई जा रही हैं। ग्रुप के सदस्य विनय शर्मा ने बताया कि पोस्ट कोविड ट्रीटमेंट में भी सदस्यों और उनके परिजनों की सहायता की जा रही है। बेसहारा हुए बच्चों की शिक्षा का जिम्मा उठाने की भी योजना है। अगर किसी को होम हाइसोलेट होने की उचित व्यवस्था नहीं है तो आइसोलेशन स्थल चिह्नित करने का भी विचार है। इसके लिए स्थान का चयन किया जा रहा है।
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