कुलदीप राठौर बोले- आरोपियों पर कार्रवाई नहीं हुई तो पूरे प्रदेश में होंगे आंदोलन
आक्रोश रैली में प्रदेश अध्यक्ष कुलदीप राठौर, नेता प्रतिपक्ष मुकेश अग्निहोत्री, पूर्व मंत्री सुधीर शर्मा समेत कई लोग शामिल हुए। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने भाजपा के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। इस दौरान हमारा नेता कैसा हो, जगजीवन पाल जैसा हो नारों से राजनीतिक माहौल गरमा दिया।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
पूर्व विधायक जगजीवन पाल से हुई थप्पड़ की घटना को लेकर सुलह विस के भवारना में हिमाचल कांग्रेस ने आक्रोश रैली निकाली। कहा गया कि पूर्व विधायक जगजीवन पाल से मारपीट करने वाले आरोपियों पर कार्रवाई नहीं हुई तो कांग्रेस पूरे प्रदेश में आंदोलन करेगी। आक्रोश रैली में प्रदेश अध्यक्ष कुलदीप राठौर, नेता प्रतिपक्ष मुकेश अग्निहोत्री, पूर्व मंत्री सुधीर शर्मा समेत कई लोग शामिल हुए। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने भाजपा के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। इस दौरान हमारा नेता कैसा हो, जगजीवन पाल जैसा हो नारों से राजनीतिक माहौल गरमा दिया। कांग्रेस की रैली को देख पुलिस बल भी मौजूद रहा। मुकेश अग्निहोत्री ने कहा कि भाजपा सरकार को खनन, भू और ट्रांसफर माफिया चला रहा है।
पूर्व विधायक जगजीवन पाल के साथ जो गुंडागर्दी हुई है, वह गलत है। इसे बर्दास्त नहीं किया जाएगा। कहा कि पुलिस कार्रवाई नहीं करती है तो सरकार बदलने के बाद आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई होगी। जगजीवन पाल कांग्रेस के वरिष्ठ नेता हैं। उन्हें टिकट भाजपा या विस अध्यक्ष ने नहीं देना है। मेडिकल जगजीवन पाल का नहीं, बल्कि उन्हें थप्पड़ मारने वाले गुंडों को होना चाहिए। राठौर ने कहा कि अगर सरकार कार्रवाई नहीं करती है तो पूरे प्रदेश में आंदोलन किए जाएंगे। आरोपी गिरफ्तार होने चाहिए। इसके बाद कांग्रेस ने विस अध्यक्ष के खिलाफ भी नारेबाजी की और तहसीलदार के माध्यम से राज्यपाल को ज्ञापन भेजा। हालांकि, कांग्रेस थाने का घेराव भी करना चाहती थी, लेकिन ऐसा नहीं किया गया।
आक्रोश रैली में पूर्व विधायक जगजीवन पाल, यादविंद्र गोमा, किशोरी लाल, पवन काजल, चंद्र कुमार, जगदीश सिपहिया, केवल सिंह पठानिया, अरुण राणा, अजय महाजन, सीताराम सैनी, दीपक शर्मा, संजय रत्न, गोकुल बुटेल, भवानी पठानिया, सुरिंद्र मनकोटिया मौजूद रहे। पूर्व विधायक जगजीवन पाल ने कहा कि उन पर हमला विधानसभा अध्यक्ष विपिन सिंह परमार की शह पर हुआ है, जबकि पुलिस वहां तमाशा देखती रही। उनके लोगों को रोक लिया, जबकि हमला करने वाले वहां खुलेआम घूम रहे थे। उन्होंने विस अध्यक्ष से पूछा कि कि उन्हें मंत्री पद से क्यों हटाया गया?