Himachal: हिमाचल में बिना नक्शा पास किए भवनों पर अधिक लगेगा बिजली शुल्क, सब्सिडी नहीं मिलेगी
प्रदेश में बिना नक्शा पास भवनों को अब महंगी दरों पर बिजली मिलेगी। इन हजारों उपभोक्ताओं को घरेलू दरों के उच्चतम स्लैब 6.25 रुपये प्रति यूनिट के हिसाब से भुगतान करना होगा।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
हिमाचल प्रदेश में बिना नक्शा पास भवनों को अब महंगी दरों पर बिजली मिलेगी। इन हजारों उपभोक्ताओं को घरेलू दरों के उच्चतम स्लैब 6.25 रुपये प्रति यूनिट के हिसाब से भुगतान करना होगा। इन्हें सब्सिडी भी नहीं मिलेगी। प्रतिमाह 60 यूनिट तक निशुल्क बिजली का भी लाभ नहीं मिलेगा। राज्य बिजली बोर्ड की याचिका पर विद्युत नियामक आयोग के फैसले से हजारों उपभोक्ताओं काे बड़ा झटका लगा है।
स्थानीय नगर निकायों से भवन बनाने के लिए नक्शे पास करवाने वाले उपभोक्ताओं को कम दरों पर ही बिजली बिलों का भुगतान करना होगा। 1 अप्रैल से नई दरें लागू होंगी। घरेलू उपभोक्ताओं को दो वर्गों में बांट दिया है। बिना नक्शा पास करवाए भवन मालिकों को अलग से बिल जारी होंगे। मार्च 2022 में सरकार ने नगर निकायों की एनओसी के बिना भी बिजली कनेक्शन देने का फैसला लिया था।
20 किलोवॉट तक की क्षमता के घरेलू कनेक्शनों के लिए यह व्यवस्था की थी। इसके तहत पहचान पत्र और संपत्ति के मालिकाना हक के प्रमाणपत्र पर नया कनेक्शन देने का फैसला लिया था। इसके लिए आयोग ने हिमाचल प्रदेश इलेक्ट्रिसिटी सप्लाई कोड 2009 संशोधित किया था। अब बोर्ड की याचिका पर आयोग ने पुराना आदेश बदल दिया है।
प्रदेश में ऐसे हजारों भवन मालिक हैं, जिन्होंने नगर निकायों से नक्शे पास करवाए बिना भवन निर्माण किया है। इन उपभोक्ताओं को पहले घरेलू कनेक्शन नहीं मिलते थे। सरकार ने बीते वर्ष इन्हें राहत देते हुए घरेलू उपभोक्ताओं की श्रेणी में शामिल किया था। अब नई व्यवस्था के तहत इन्हें रखा तो घरेलू श्रेणी में ही है, लेकिन अब सब्सिडी नहीं मिलेगी।