HP Cabinet Decisions: करुणामूलक नौकरियों के लिए आय सीमा बढ़ाई, 500 पद भरने की मंजूरी, जानें बड़े फैसले
मंत्रिमंडल की बैठक बुधवार को मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू की अध्यक्षता में हुई। लगातार तीसरे दिन हुई मंत्रिमंडल की बैठक में कई बड़े फैसले लिए गए।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
हिमाचल प्रदेश मंत्रिमंडल की बैठक बुधवार को मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू की अध्यक्षता में हुई। लगातार तीसरे दिन हुई मंत्रिमंडल की बैठक में कई बड़े फैसले लिए गए। राज्य मंत्रिमंडल ने मौजूदा करुणामूलक नियुक्ति नीति में संशोधन को मंजूरी दे दी। संशोधित नीति के अनुसार प्रति परिवार वार्षिक आय पात्रता मानदंड 2.50 लाख रुपये से बढ़ाकर तीन लाख रुपये कर दिया गया है। करुणामूलक नियुक्ति के लिए अब 45 वर्ष से कम आयु की विधवाओं और माता-पिता विहीन आवेदकों के साथ अपने कर्तव्यों का पालन करते हुए जान गंवाने वाले सरकारी कर्मचारियों के आश्रितों को प्राथमिकता दी जाएगी। इसके अतिरिक्त जिन मामलों में इस प्रकार की नियुक्ति के लिए मौजूदा पांच प्रतिशत कोटे के तहत रिक्तियां उपलब्ध नहीं है, उस स्थिति में मंत्रिमंडल ने पात्र आवेदकों को लाभान्वित करने के लिए इस कोटे में एकमुश्त छूट की अनुमति देने का निर्णय लिया है। मंत्रिमंडल ने करुणामूलक आधार पर 500 पदों को भरने की मंजूरी दी है।
ये भी पढ़ें: Himachal Weather: भूस्खलन से प्रदेश में 343 सड़कें बाधित, 551 बिजली ट्रांसफार्मर ठप, इतने दिन बरसेंगे बादल
बीएससी नर्सिंग की सीटों को बढ़ाया
बैठक में सिस्टर निवेदिता राजकीय नर्सिंग कॉलेज शिमला में बीएससी नर्सिंग सीटों की संख्या 60 से बढ़ाकर 100 करने का निर्णय लिया गया। साथ ही डॉ. राजेंद्र प्रसाद राजकीय मेडिकल कॉलेज टांडा में 60 सीटों की वार्षिक प्रवेश क्षमता के साथ एक नए बीएससी नर्सिंग कॉलेज की स्थापना को भी मंजूरी दी गई। इसके साथ ही विभिन्न श्रेणियों के 27 पदों के सृजन और भरने को भी मंजूरी दी गई। मंत्रिमंडल के फैसलों की जानकारी कैबिनेट मंत्री हर्षवर्धन चाैहान व यादवेंद्र गोमा ने दी।
महिलाएं भी कर सकेंगी नाइट ड्यूटी
मंत्री हर्षवर्धन चाैहान ने कहा कि मंत्रिमंडल ने हिमाचल प्रदेश फैक्टरी नियमों में संशोधन को मंजूरी दी गई। इसके तहत अब महिलाएं भी अपनी इच्छानुसार उद्योगों में आठ की बजाय 12 घंटे की ड्यूटी कर सकेंगी। इसके लिए उन्हें ओवरटाइम मिलेगा। मंत्रिमंडल ने दुकानों और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों में लैंगिक समानता प्रदान करने के लिए महिला कर्मियों को शाम 7:00 से सुबह 7:00 बजे तक नाइट शिफ्ट में काम करने की अनुमति देने का निर्णय लिया। ऐसे प्रतिष्ठानों में कार्यरत प्रत्येक महिला कर्मी को मातृत्व लाभ अधिनियम 1961 के प्रावधानों के तहत मातृत्व लाभ प्रदान करने का भी निर्णय लिया गया।
एचपीयू करेगा बीएड की संयुक्त प्रवेश परीक्षा
अब बीएड की संयुक्त प्रवेश परीक्षा एचपीयू की ओर से आयोजित की जाएगी। मंत्रिमंडल ने इसकी मंजूरी दी है। वहीं महर्षि वाल्मीकि कामगार योजना में मकान निर्माण की राशि को तीन लाख रुपये किया गया है। हिमाचल विधानसभा का मानसून सत्र अगस्त में होगा। इसकी तिथि 31 जुलाई को होने वाली मंत्रिमंडल की बैठक में तय की जाएगी। मंत्रिमंडल ने शिमला-धर्मशाला-शिमला मार्ग पर उड़ानें संचालित करने के लिए राज्य सरकार और एलायंस एयर एविएशन लिमिटेड के बीच समझौता ज्ञापन (एमओयू) के विस्तार को भी मंजूरी दे दी। यह समझौता ज्ञापन अब 1 जुलाई 2025 से 30 जून 2026 तक प्रभावी रहेगा।
मेडिकल डिवाइस पार्क के लिए मंत्रिमंडलीय उप समिति का गठन
मंत्रिमंडल ने नालागढ़ में 300 एकड़ भूमि पर मेडिकल डिवाइस पार्क के निर्माण के लिए उद्योग मंत्री हर्षवर्धन चौहान की अध्यक्षता में एक मंत्रिमंडलीय उप समिति के गठन को भी स्वीकृति प्रदान की। यह उप समिति को दो माह के भीतर रिपोर्ट प्रस्तुत करेगी। मंत्रिमंडल ने हिमाचल प्रदेश लघु खनिज (रियायत) और खनिज (अवैध खनन, परिवहन और भंडारण निवारण) नियम 2015 में संशोधन को भी मंजूरी प्रदान की। संशोधित प्रावधानों के अनुसार, सड़क काटने के कार्य में शामिल ठेकेदारों या एजेंसियों को अब जलाशय परियोजनाओं की गाद निकालने और रखरखाव के दौरान उत्पन्न सामग्री का उपयोग निजी उद्देश्यों के लिए करने की अनुमति होगी। इसके अतिरिक्त, किसी भी बचे हुए कच्चे माल या तैयार उत्पाद के साथ उत्पन्न संपूर्ण सामग्री की नीलामी निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार नामित समिति की ओर से की जाएगी।
172 लघु जलविद्युत परियोजनाओं को रद्द करने की मंजूरी
बैठक में हिम ऊर्जा के तहत पांच मेगावाट से कम क्षमता वाली 172 लघु जल विद्युत परियोजनाओं को रद्द करने को मंजूरी दी, जिनका काम लंबे समय से रुका हुआ था। ये परियोजनाएं अब पुनः विज्ञापित की जाएंगी। इसके साथ ही भविष्य में जो भी पांच मेगावाट तक की परियोजनाएं दी जाएंगी, उन पर 12 प्रतिशत मुफ्त बिजली रॉयल्टी और एक प्रतिशत स्थानीय क्षेत्र विकास कोष के लिए देना अनिवार्य होगा। बैठक में 14 परियोजना डेवलपर्स के साथ बिना ब्याज अग्रिम प्रीमियम की मूल राशि पर अदालत से बाहर समझौता करने के लिए एक समिति गठित करने का निर्णय लिया गया।
22 जलविद्युत परियोजनाओं को किया रद्द
मंत्रिमंडल ने पांच मेगावाट से अधिक क्षमता वाली उन 22 जलविद्युत परियोजनाओं को रद्द करने की मंजूरी दी, जिनके साथ अब तक कोई भी समझौता नहीं हुआ है और जिन्हें पहले ऊर्जा विभाग ने आवंटित किया था। बाकी बची परियोजनाओं को अपने नोटिस का जवाब देने के लिए 5 अगस्त 2025 तक का समय दिया गया है। बैठक में 14 परियोजना डेवलपर्स के साथ बिना ब्याज अग्रिम प्रीमियम की मूल राशि पर अदालत से बाहर समझौता करने के लिए एक समिति गठित करने का निर्णय लिया गया।
कांगड़ा हवाई अड्डे के लिए भूमि अधिग्रहण, पुनर्वासन और पुनर्स्थापन को एक साल का विस्तार
मंत्रिमंडल ने कांगड़ा हवाई अड्डे के विस्तार की प्रक्रिया को आगे बढ़ाने के उद्देश्य से भूमि अधिग्रहण कार्यवाही के लिए भूमि अधिग्रहण, पुनर्वास और पुनर्स्थापना में उचित मुआवजा और पारदर्शिता अधिकार अधिनियम 2013 की धारा-26 के तहत समयसीमा को एक वर्ष के लिए यानी 16 अगस्त 2026 तक बढ़ाने का निर्णय लिया है। मंत्रिमंडल ने जिला सिरमौर के धौलाकुआं माजरा योजना क्षेत्र के लिए विकास योजना को स्वीकृति प्रदान की। यह योजना प्राकृतिक संसाधनों और पर्यावरण सौंदर्य को संरक्षित करते हुए क्षेत्र में सतत आर्थिक विकास को बढ़ावा देने के उद्देश्य से तैयार की गई है।
पटवार सर्किल नलेटी के पुनर्गठन को मंजूरी
बैठक में कांगड़ा जिला में पटवार सर्कल नलेटी के पुनर्गठन को मंजूरी दी गई जिसके तहत देहरा तहसील के महाल-मसोटा और बलाहर क्षेत्र को हटाकर प्रागपुर तहसील के अंतर्गत पटवार सर्कल गढ़ में शामिल कर दिया गया है। बैठक के दौरान हिमाचल प्रदेश में नशे की स्थिति पर एक विस्तृत प्रस्तुति दी गई, जिसमें आबकारी एवं कराधार विभाग की ओर से इस गंभीर चुनौति से निपटने के लिए किए जा रहे प्रयासों और पहलों के बारे में बताया गया।