{"_id":"6aa169ed887060650f0714de","slug":"honoured-by-prize-shimla-news-c-19-sml1002-784098-2026-09-09","type":"story","status":"publish","title_hn":"Shimla News: भाषण में भार्गवी और प्रश्नोत्तरी में सूमिति को प्रथम स्थान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Shimla News: भाषण में भार्गवी और प्रश्नोत्तरी में सूमिति को प्रथम स्थान
विज्ञापन
गेयटी थिएटर में राजभाषा पखवाड़ा के तहत करवाईं जिला स्तरीय अंतर विद्यालय प्रतियोगिताएं
संवाद न्यूज एजेंसी
शिमला। भाषा एवं संस्कृति विभाग शिमला की ओर से राजभाषा पखवाड़ा-2026 के तहत बुधवार को गेयटी थियेटर के गोथिक हॉल में जिला स्तरीय अंतर विद्यालय प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। इसमें 20 विद्यालयों के विद्यार्थियों ने भाग लिया। प्रतियोगिता का शुभारंभ प्रदेश के वरिष्ठ साहित्यकार सुदर्शन वशिष्ठ ने किया। वहीं कार्यक्रम के समापन समारोह में उपायुक्त शिमला अनुपम कश्यप ने बतौर मुख्य अतिथि शिरकत की। राजभाषा हिंदी में उत्कृष्ट कार्य करने पर जिला कार्यक्रम अधिकारी (महिला एवं बाल विकास) ममता पॉल, सहायक पंजीयक सहकारी सभाएं कार्यालय और जिला कल्याण अधिकारी कार्यालय के एसए राजेश ठाकुर को राजभाषा पुरस्कार से अलंकृत किया गया।
भाषण प्रतियोगिता में पीएमश्री केंद्रीय विद्यालय जतोग की भार्गवी ने पहला, स्वर्ण पब्लिक स्कूल टूटीकंडी की आहाना ने दूसरा, डीएवी लक्कड़ बाजार की भूमिका और जीएसएसएस ठियोग के आरव ने तीसरा स्थान प्राप्त किया। प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता में पीएमश्री शासकीय उत्कृष्ट वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय ठियोग की सुमिति ने पहला, जीएसएसएस अन्नाडेल की मुस्कान ने दूसरा और जीएसएसएस पोर्टमोर की प्राची गुप्ता ने तीसरा स्थान प्राप्त किया। निबंध लेखन प्रतियोगिता में सम्भोता तिब्बतियन स्कूल छोटा शिमला के विरासत ब्रामटा ने पहला, जीएसएसएस ढली की ऋतु वर्मा ने दूसरा और जीएसएसएस बालूगंज की अर्पिता ठाकुर ने तीसरा स्थान प्राप्त किया।
मुख्य अतिथि ने कहा हिंदी देश को जोड़ने वाली और हमारी स्वाभिमान की भाषा है। इसमें जो सम्मान और अपनापन मिलता है, वह किसी अन्य भाषा में संभव नहीं। उन्होंने नई शिक्षा नीति का उल्लेख करते हुए विद्यार्थियों को नई भाषाओं को सीखने के साथ-साथ अपनी मातृभाषा का सम्मान करने की प्रेरणा दी। निर्णायक मंडल में सुदर्शन वशिष्ठ, गुप्तेश्वर नाथ उपाध्याय, ओम प्रकाश शर्मा, डॉ. सत्य नारायण स्नेही, गोपाल दिलैक और डॉ. संतोष कुमार शर्मा शामिल रहे। विभाग के सहायक निदेशक अनिल हारटा ने बताया कि विभाग वर्षभर भाषा एवं संस्कृति के संरक्षण के लिए प्रयासरत है। जिला भाषा अधिकारी सरोजना नरवाल ने प्रतियोगिताओं के परिणामों की जानकारी दी। इस दौरान एसडीएम शिमला ग्रामीण मनजीत शर्मा, जिला लोक संपर्क अधिकारी सिंपल सकलानी, एपीआरओ अजय बन्याल सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
शिमला। भाषा एवं संस्कृति विभाग शिमला की ओर से राजभाषा पखवाड़ा-2026 के तहत बुधवार को गेयटी थियेटर के गोथिक हॉल में जिला स्तरीय अंतर विद्यालय प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। इसमें 20 विद्यालयों के विद्यार्थियों ने भाग लिया। प्रतियोगिता का शुभारंभ प्रदेश के वरिष्ठ साहित्यकार सुदर्शन वशिष्ठ ने किया। वहीं कार्यक्रम के समापन समारोह में उपायुक्त शिमला अनुपम कश्यप ने बतौर मुख्य अतिथि शिरकत की। राजभाषा हिंदी में उत्कृष्ट कार्य करने पर जिला कार्यक्रम अधिकारी (महिला एवं बाल विकास) ममता पॉल, सहायक पंजीयक सहकारी सभाएं कार्यालय और जिला कल्याण अधिकारी कार्यालय के एसए राजेश ठाकुर को राजभाषा पुरस्कार से अलंकृत किया गया।
भाषण प्रतियोगिता में पीएमश्री केंद्रीय विद्यालय जतोग की भार्गवी ने पहला, स्वर्ण पब्लिक स्कूल टूटीकंडी की आहाना ने दूसरा, डीएवी लक्कड़ बाजार की भूमिका और जीएसएसएस ठियोग के आरव ने तीसरा स्थान प्राप्त किया। प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता में पीएमश्री शासकीय उत्कृष्ट वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय ठियोग की सुमिति ने पहला, जीएसएसएस अन्नाडेल की मुस्कान ने दूसरा और जीएसएसएस पोर्टमोर की प्राची गुप्ता ने तीसरा स्थान प्राप्त किया। निबंध लेखन प्रतियोगिता में सम्भोता तिब्बतियन स्कूल छोटा शिमला के विरासत ब्रामटा ने पहला, जीएसएसएस ढली की ऋतु वर्मा ने दूसरा और जीएसएसएस बालूगंज की अर्पिता ठाकुर ने तीसरा स्थान प्राप्त किया।
विज्ञापन
मुख्य अतिथि ने कहा हिंदी देश को जोड़ने वाली और हमारी स्वाभिमान की भाषा है। इसमें जो सम्मान और अपनापन मिलता है, वह किसी अन्य भाषा में संभव नहीं। उन्होंने नई शिक्षा नीति का उल्लेख करते हुए विद्यार्थियों को नई भाषाओं को सीखने के साथ-साथ अपनी मातृभाषा का सम्मान करने की प्रेरणा दी। निर्णायक मंडल में सुदर्शन वशिष्ठ, गुप्तेश्वर नाथ उपाध्याय, ओम प्रकाश शर्मा, डॉ. सत्य नारायण स्नेही, गोपाल दिलैक और डॉ. संतोष कुमार शर्मा शामिल रहे। विभाग के सहायक निदेशक अनिल हारटा ने बताया कि विभाग वर्षभर भाषा एवं संस्कृति के संरक्षण के लिए प्रयासरत है। जिला भाषा अधिकारी सरोजना नरवाल ने प्रतियोगिताओं के परिणामों की जानकारी दी। इस दौरान एसडीएम शिमला ग्रामीण मनजीत शर्मा, जिला लोक संपर्क अधिकारी सिंपल सकलानी, एपीआरओ अजय बन्याल सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
विज्ञापन