Himachal Weather: कई भागों में दो दिन बारिश-बर्फबारी के आसार, पश्चिमी विक्षोभ की सक्रियता से बदलेगा मौसम
11 दिसंबर से एक ताजा पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने की संभावना है। इसके प्रभाव से राज्य के मध्य व उच्च पर्वतीय कुछ भागों में बारिश-बर्फबारी के आसार हैं।
विस्तार
हिमाचल प्रदेश में 11 दिसंबर से एक ताजा पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने की संभावना है। इसके प्रभाव से राज्य के मध्य व उच्च पर्वतीय कुछ भागों में बारिश-बर्फबारी के आसार हैं। मौसम विज्ञान केंद्र शिमला के अनुसार राज्य के सभी भागों में 10 दिसंबर को मौसम साफ बना रहने का पूर्वानुमान है। जबकि 11 व 12 दिसंबर को मध्य और उच्च पर्वतीय जिलों शिमला, सोलन, सिरमौर, मंडी, कुल्लू, चंबा, किन्नौर और लाहौल-स्पीति के कई क्षेत्रों में बारिश और बर्फबारी का पूर्वानुमान जताया है। 13 दिसंबर से फिर सभी भागों में मौसम साफ रहने के आसार हैं। ऊना, सोलन और मंडी से अधिक शिमला का न्यूनतम तापमान चल रहा है। शिमला में रात का तापमान बीते एक-दो दिनों से लगातार बढ़ा है।
न्यूनतम तापमान
समधो में न्यूनतम तापमान माइनस 3.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया है। इसी तरह शिमला में 7.2, सुंदरनगर 3.2, भुंतर 2.0, कल्पा 0.4, धर्मशाला 10.2, ऊना 5.8, नाहन 11.7, पालमपुर 6.0, सोलन 5.0, मनाली 1.4, कांगड़ा 7.7, मंडी 3.5, चंबा 4.9, जुब्बडहट्टी 8.8, कुफरी 5.8, नारकंडा 3.6, रिकांगपिओ 3.3, सेऊबाग 2.0, धौलाकुआं 8.0, बरठीं 6.5, सराहन 4.5 और देहरागोपीपुर में 11.0 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया है।
अधिकतम तापमान
शिमला में अधिकतम तापमान 15.5, सुंदरनगर 24.3, भुंतर 23.1, कल्पा 15.3, धर्मशाला 22.0, ऊना 25.8, नाहन 23.3, केलांग 6.6, सोलन 20.8, मनाली 15.0, कांगड़ा 24.8, मंडी 20.7, चंबा 23.5, डलहौजी 10.3, जुब्बड़हट्टी 18.0, कुफरी 11.2, कुकुमसेरी 10.9, नारकंडा 10.3, रिकांगपिओ 17.4, सेऊबाग 10.9, धौलाकुआं 24.9, बरठीं 23.4 और समधो में 11.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया है।
उधर, 1 दिसंबर से चूड़धार स्थित शिरगुल देवता मंदिर के कपाट बंद होने के साथ ही चूड़धार यात्रा पर भी सुरक्षा की दृष्टि से सर्दियों के साढ़े चार महीने के लिए प्रतिबंध लग गया है। हर साल 1 दिसंबर को चूड़धार में विराजमान शिरगुल देवता मंदिर के कपाट बंद होने के साथ ही अप्रैल माह में बैसाखी तक चूड़धार यात्रा पर प्रतिबंध लग जाता है। दिसंबर माह में बर्फबारी के बाद मंदिर प्रबंधन कमेटी के अध्यक्ष उपमंडलाधिकारी (नागरिक) चौपाल नारायण चौहान ने चूड़धार यात्रा पर प्रतिबंध संबंधी अधिसूचना जारी कर दी है । उन्होंने कहा दिसंबर महीने में चूड़धार में अत्यधिक बर्फबारी के चलते तापमान शून्य से नीचे रहता है। चूड़धार के रास्तों पर यात्रा में अत्यधिक जोखिम रहता है।
चूड़धार में गिरती है 10 से 25 फीट तक बर्फ
सर्दियों में चूड़धार में 10 से 25 फीट तक बर्फ रहती है। इस दौरान वहां पर खाने व रहने की भी कोई व्यवस्था नहीं रहती। पूर्व में कई बार कुछ श्रद्धालु, ट्रैकर सर्दियों में चूड़धार की यात्रा पर जाकर खुद को मुसीबत में डाल चुके हैं। मंदिर प्रबंधन कमेटी के अध्यक्ष एसडीएम चौपाल नारायण चौहान ने लोगों से आग्रह किया है कि अप्रैल महीने में बैसाखी वाले दिन कपाट खुलने तक चूड़धार की यात्रा न करें। उन्होंने एसडीपीओ चौपाल एवं एसडीएम कुपवी को भी इस दौरान कड़ी नजर रखने का आग्रह किया है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि प्रतिबंध के दौरान कोई चूड़धार की यात्रा करता पाया गया तो उसके खिलाफ नियमों के तहत कड़ी कार्रवाई की जाएगी।