तकनीकी विश्वविद्यालय शुरू करेगा पीएचडी और कौशल विकास केंद्र
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हिमाचल प्रदेश तकनीकी विश्वविद्यालय की 21वीं शैक्षणिक परिषद की बैठक कुलपति प्रो. एसपी बंसल की अध्यक्षता में बुधवार को हुई। इसका संचालन अधिष्ठाता (अकादमिक) प्रो. कुलभूषण चंदेल ने किया।
कुलपति ने कहा कि विश्वविद्यालय का उद्देश्य सकल पंजीयन अनुपात के बजाय सकल सशक्तीकरण अनुपात एवं सकल रोजगार अनुपात में वृद्धि करना है। बैठक में काफी अहम फैसले लिए गए।
तकनीकी विवि ने फार्मेसी, प्रबंधन एवं पर्यटन विषय में पीएचडी प्रोग्राम शुरू करने का फैसला लिया। यह भी फैसला लिया गया कि भविष्य में अन्य विषयों में भी जरूरत एवं सुविधाओं के आधार पर पीएचडी प्रोग्राम शुरू किए जाएंगे।
शैक्षणिक परिषद ने तीन महत्वपूर्ण अध्ययन चेयर को भी हरी झंडी दी। इनमें डॉ. बीआर आंबेडकर अध्ययन चेयर, अटल बिहारी वाजपेयी अध्ययन चेयर और महात्मा गांधी अध्ययन चेयर को शुरू किया जाएगा। शैक्षणिक परिषद में सीबीसीएस प्रणाली में अबसोल्यूट ग्रेडिंग को लागू करने की हरी झंडी दी गई।
जिले के दो गांवों दडूही एवं डुग्घा को गोद लेगा
फैसला लिया गया कि विश्वविद्यालय में अस्थाई आधार पर सेवाएं दे रहे अध्यापकों की सेवाओं को अगले सेमेस्टर तक जारी रखा जाएगा। तकनीकी विवि शीघ्र कौशल विकास एवं योग अध्ययन केंद्र की स्थापना करेगा।
विश्वविद्यालय हमीरपुर जिले के दो गांवों दडूही एवं डुग्घा को गोद लेगा। इसके अलावा विश्वविद्यालय के वर्तमान एक्ट स्टेच्यूट और ऑर्डिनेंस की समीक्षा करने की जरूरत है। इसके लिए गठित समीक्षा समिति को अनुमोदित किया गया।
शैक्षणिक परिषद ने विश्वविद्यालय में तकनीकी शिक्षा गुणवत्ता सुधार कार्यक्रम (टेक्यूपद्ध) के अंतर्गत लिए गए बहुत से फैसलों पर मुहर लगाई। इनमें ईआरपी, भाषा प्रयोगशाला, टिंकरिंग लैब, इनक्यूबेशन सेंटर और ई-लाइब्रेरी आदि को स्थापित करने का फैसला लिया गया।
इन सभी फैसलों पर बोर्ड ऑफ गवर्नर की बैठक में चर्चा होगी। बैठक में विवि के कुलसचिव एचएएस अधिकारी एचएस राणा, योजना एवं विकास विभाग के अधिष्ठाता प्रो. विनय चौहान समेत अन्य सदस्य उपस्थित रहे।