हिमाचल: मुंबई से लौटे दो परिवारों के छह लोग कोरोना संक्रमित
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हिमाचल में कोरोना के मामले लगातार बढ़ते जा रहे हैं। ताजा मामले में कांगड़ा जिले दो परिवारों के छह लोग कोरोना संक्रमित पाए गए हैं। इनमें सरी मोलग पंचायत में पति, पत्नी और उनकी बच्ची शामिल हैं। इसके अलावा झियोल गांव में मां, बेटा और बहू संक्रमित पाए गए हैं।
इन दोनों परिवारों के छह लोग पॉजिटिव आए हैं। वहीं, इससे पहले भी चंबा जिले में पति से पत्नी और बेटी संक्रमित हुए हैं, जबकि जिला कांगड़ा में भाई-बहन और जिला सिरमौर के पांवटा में मां-बेटी इस बीमारी की चपेट में आई हैं। हिमाचल में 110 लोग इस बीमारी की चपेट में आए हैं।
कांगड़ा जिला ने बढ़ाई सैंपलिंग की संख्या
स्वास्थ्य विभाग कांगड़ा ने पिछले सप्ताह से छह ट्रेनों के माध्यम से से बाहरी राज्यों से आए हर व्यक्ति की सैंपल जांच करने का फैसला लिया है। इसके चलते अब दिन में 300 से अधिक सैंपल स्वास्थ्य विभाग की टीमें जिलाभर में संभावित लोगों के जांच करने के लिए ले रही हैं। होम क्वारंटीन में भी जिन लोगों में संभावित लक्षण दिख रहे हैं, उनके भी सैंपल लिए जा रहे हैं।
विशेष ट्रेन की यात्रा पर उठे सवाल
15 मई को मुंबई से चली विशेष ट्रेन ने हिमाचल में कोरोना ब्लास्ट किया है। इस ट्रेन में आए यात्रियों में एक ही दिन 11 लोग कोरोना पॉजिटिव आए हैं। अगर कांगड़ा जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग ने मुंबई से आई ट्रेन के सभी यात्रियों को सैंपल लेकर जांच करने का फैसला नहीं लिया होता तो एक साथ इतने मरीज आने की संभावना कम ही थी। 18 मई को ऊना रेलवे स्टेशन पर पहुंची इस ट्रेन में हिमाचल के विभिन्न जिलों के 694 लोग आए थे।
इसमें सबसे ज्यादा कांगड़ा जिले के 248 लोग शामिल थे। इन्हें परौर स्थित अस्थाई आईसोलेशन सेंटर में भर्ती किया गया था। स्वास्थ्य विभाग कांगड़ा ने सोमवार को 144 और मंगलवार को 104 लोगों के सैंपल लिए थे। इसमें 13 लोग कोरोना पॉजिटिव आए हैं, जबकि अभी मुंबई से आए लगभग 150 लोगों के सैंपलों के रिपोर्ट आना अभी बाकी है।
महाराष्ट्र की राजधानी मुंबई कोरोना के रेड जोन में हैं। ऐसे में वहां से आई विशेष ट्रेन में आए लोगों कोरोना के चपेट में आने पर कई सवाल उठ रहे हैं। क्या इस ट्रेन को लोगों को बैठने से पहले सैनिटाइज किया गया था या नहीं। इसके अलावा ट्रेन में मौजूद स्टाफ की पहले कोविड-19 का टेस्ट हुए था। ऐसे में स्वस्थ लोगों को ट्रेन में सफर करने के बाद कोरोना पॉजिटिव होने संदेह के घेरे में हैं।