Sirmour Accident: एक ही चिता पर हुआ दंपती का अंतिम संस्कार, बेटी की भी उठी अर्थी, हर आंख हुई नम
दंपती के साथ उनकी 25 वर्षीय बेटी रेखा और बेटी के सगे मामा 40 वर्षीय कमलराज के लिए भी ये यात्रा अंतिम यात्रा बन गई।
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कार हादसे में चार लोगों की मौत के बाद पूरा राजगढ़ इलाका गमगीन है। ये हादसा तीन पंचायतों के लोगों को कभी न भुलाया जाने वाला गम दे गया। इस दुर्घटना में एक दंपती समेत उनकी बेटी और एक अन्य सगे रिश्तेदार की मौत हो गई। मंगलवार शाम तीन पंचायतों में तीन चिताएं जलीं। राजगढ़ तहसील की पंचायत दाहन के गांव रूग के रहने वाले 63 वर्षीय जीवन सिंह और उनकी 54 वर्षीय पत्नी सुमा देवी की एक चिता बनाई गई। जहां दंपती ने सात फेरों का वचन अंतिम सांस तक निभाया और चिता में भी अंतिम साथ दिया।
किसी ने ये कल्पना भी नहीं की होगी कि दोनों की एक साथ ऐसी दर्दनाक मौत होगी। जिस बेटी के उपचार के लिए मां-बाप चिंतित रहते थे, उन्हें ये पता नहीं था कि लौटते वक्त उनके साथ ऐसी घटना होगी कि वह दुनिया को ही अलविदा कर जाएंगे। दंपती के साथ उनकी 25 वर्षीय बेटी रेखा और बेटी के सगे मामा 40 वर्षीय कमलराज के लिए भी ये यात्रा अंतिम यात्रा बन गई। जीवन सिंह कुछ साल पहले लोक निर्माण विभाग से बेलदार सेवानिवृत्त हुए थे।
उन्होंने अपनी बेटी रेखा का विवाह भूइरा पंचायत के थनोगा में करवाया था जिसके पति का देहांत पहले हो चुका है। इसके बाद उनकी बेटी मायके में अपनी 8 वर्षीय बेटी अनामिका और पांच साल के ईशांत के साथ रह रही थी, जिनके सिर से पहले पिता का साया उठा तो अब मां भी दुनिया में नहीं रही। अब बच्चों की सारी जिम्मेदारी उनके मामा बलदेव समेत उनके परिवार पर आ गई है। दूसरी तरफ बोहल टालिया पंचायत के फग्गू में भी माहौल गमगीन है।
रिश्ते में जीवन सिंह के सगे साले 40 वर्षीय कमलराज की भी हादसे में मौत हो गई। मंगलवार को दाहन पंचायत के रूग में दंपती की एक साथ चिता जली तो भूइरा पंचायत के थनोगा में उनकी बेटी रेखा और बोहल टालिया पंचायत के फग्गू में उनके रिश्तेदार कमलराज की चिता जली। इस घटना से समूचे क्षेत्र में शोक का माहौल है।