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ऊना: हरिद्वार से गंगाजल लेकर लौटी पदयात्रा का भव्य स्वागत
Sun, 28 Nov 2021 08:19 PM IST
अरविन्द ठाकुर
संवाद न्यूज एजेंसी, ऊना
संवाद न्यूज एजेंसी, ऊना
Published by: अरविन्द ठाकुर
Updated Sun, 28 Nov 2021 08:19 PM IST
सार
पदयात्रा के हिमाचल प्रवेश के साथ ही युवाओं का हुजूम उमड़ पड़ा। फूलमालाओं के साथ इस यात्रा का स्वागत किया गया और यात्रा ऊना की तरफ आगे बढ़ी।
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मैहतपुर पहुंची सवर्ण समाज अधिकार पदयात्रा।
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
संशय के बीच सवर्ण समाज अधिकार पदयात्रा हरिद्वार से गंगाजल लेकर रविवार सुबह 11 बजे मैहतपुर पहुंची। मैहतपुर में इसका जोरदार स्वागत किया गया। अनुसूचित जाति संगठनों के विरोध को देखते हुए किसी भी अप्रिय घटना से निपटने के लिए पुलिस बल मौजूद रहा। स्वागत कार्यक्रम पूरी तरह से शांतिपूर्ण तरीके से हुआ। रविवार सुबह साढ़े दस बजे से मैहतपुर बैरियर के पास सवर्ण समाज के लोग एकत्रित होना शुरू हो गए। पुलिस बल भी मौके पर बढ़ना शुरू हो गया।
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किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए पंजाब की तरफ से आने वाले वाहनों की चेकिंग भी पुलिस टीम ने शुरू कर दी। कई वाहनों से डंडे भी मिले, जिन्हें जब्त कर लिया गया। धीरे-धीरे मौके पर युवाओं की भीड़ बढ़ना शुरू हो गई। सवर्ण आयोग और अधिकार पदयात्रा के समर्थन में जोरदार नारेबाजी शुरू हो गई। पुलिस को इस दौरान यातायात व्यवस्था बनाने के लिए कड़ी मशक्कत करनी पड़ी।
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जोश में युवाओं ने कुछ भड़काऊ नारे भी लगाए, लेकिन माहौल शांत रहा। करीब साढ़े 11 बजे बिभौर साहिब होते हुए पदयात्रा मैहतपुर में प्रवेश कर गई। पदयात्रा के हिमाचल प्रवेश के साथ ही युवाओं का हुजूम उमड़ पड़ा। फूलमालाओं के साथ इस यात्रा का स्वागत किया गया और यात्रा ऊना की तरफ आगे बढ़ी। उधर, ब्राह्मण सभा जिलाध्यक्ष चंदन शर्मा ने कहा कि हरिद्वार में शव यात्रा का अंतिम संस्कार के बाद अब अधिकार पदयात्रा ऊना से होते हुए धर्मशाला पहुंचेगी।
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उन्होंने कहा कि पदयात्रा को लोगों केे समर्थन मिल रहा है। उन्होंने कहा कि यह पदयात्रा किसी के खिलाफ नहीं है, बल्कि सवर्ण समाज के अधिकारों के लिए है। दस दिसंबर को धर्मशाला में यह यात्रा पहुंचेगी और सवर्ण आयोग के गठन न होने पर वहीं पर बैठेगी। बता दें कि अनुसूचित जाति संगठनों की ओर से इस यात्रा के विरोध के चलते प्रशासन ने धारा 144 लागू कर दी थी। किसी भी अप्रिय घटना से निपटने के लिए पुख्ता इंतजाम किए गए थे।