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हिमाचल विधानसभा के मानसून सत्र में आएगा जीएसटी विधेयक
ब्यूरो/अमर उजाला, शिमला
Updated Fri, 19 Aug 2016 09:35 AM IST
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संसद में पारित हो चुका जीएसटी विधेयक हिमाचल विधानसभा के इसी मानसून सत्र में लाया जा रहा है। प्रदेश सरकार विधानसभा में गुड्स एंड सर्विसेज बिल को पेश करेगी। राज्य सरकार केंद्रीय बिल को जैसे है उसी स्वरूप में स्वीकार करने की तैयारी में है। इसके अतिरिक्त 22 अगस्त को शुरू हो रहे मानसून सत्र में सरकार संशोधित टीसीपी और एंटी टोबेको विधेयक भी पेश करेगी।
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हिमाचल सरकार भी प्रदेश में जीएसटी जल्द लागू करना चाह रही है। इसके चलते जीएसटी विधेयक को विधानसभा के मानसून सत्र में पेश किया जा रहा है। इस बारे में हिमाचल सरकार की ओर से राज्य विधानसभा सचिवालय को सूचित कर दिया गया है। विधानसभा सचिवालय को इस विधेयक की प्रति भी भेजी जा रही है। देश की कई विधानसभाएं इसे मंजूरी दे चुकी हैं और इसे लागू करना चाहती हैं।
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क्या होगा जीएसटी बिल में
जीएसटी के लागू होने के बाद हर सामान और हर सेवा पर केवल एक ही टैक्स लगेगा। वैट, सेंट्रल एक्साइज, सर्विस टैक्स, लग्जरी टैक्स, एंट्री टैक्स, सीजीसीआर टैक्स जैसे कई कर नहीं रहेंगे। जीएसटी ही सभी तरह की सेवाओं और वस्तुओं पर लगेगा।
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जीएसटी को तीन स्तरों पर लगाया जाएगा। ये केंद्रीय जीएसटी, राज्य जीएसटी और एकीकृत जीएसटी के नाम से लगाया जाएगा। आम आदमी को इसका एक फायदा यह होगा कि इससे किसी भी सामान पर पूरे देश में एक तरह का टैक्स देना होगा। इससे किसी वस्तु के हर जगह एक ही रेट होंगे।
हिमाचल प्रदेश विधानसभा के स्पीकर बृज बिहारी लाल बुटेल ने कहा कि हिमाचल सरकार की ओर से जीएसटी बिल को रेटिफाई करने के लिए विधानसभा में पेश करने की सूचना आ चुकी है। विधानसभा में अभी तक केवल एक ही विधेयक पेश करने की सूचना मिली है। ये केंद्र सरकार की ओर से पारित जीएसटी विधेयक है। इसे बगैर किसी बदलाव के स्वीकार किया जा सकता है।