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उपलब्धि: अंतरिक्ष विज्ञान में हिमाचल की बेटी बढ़ाएगी देश की शान, अमेरिका के शीर्ष विश्वविद्यालयों से मिला ऑफर
Thu, 26 May 2022 10:01 PM IST
Krishan Singh
संवाद न्यूज एजेंसी, करसोग (मंडी)
संवाद न्यूज एजेंसी, करसोग (मंडी)
Published by: Krishan Singh
Updated Thu, 26 May 2022 10:01 PM IST
सार
मंडी जिले के करसोग की महिमा गुप्ता को अंतरिक्ष विज्ञान में शोध और छात्रवृत्ति के लिए पढ़ाई करने का ऑफर मिला है। देहरादून से बीटेक करने वाली इस होनहार ने इन विश्वविद्यालयों में आवेदन किया था।
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करसोग की महिमा गुप्ता
- फोटो : संवाद
विस्तार
अमेरिका के प्रमुख विश्वविद्यालयों में हिमाचल के मंडी जिले के करसोग की महिमा गुप्ता को अंतरिक्ष विज्ञान में शोध और छात्रवृत्ति के लिए पढ़ाई करने का ऑफर मिला है। देहरादून से बीटेक करने वाली इस होनहार ने इन विश्वविद्यालयों में आवेदन किया था। सैटेलाइट के जरिये भूकंप आने से पहले पता लगाने की तकनीक का शोध पत्र तैयार कर अमेरिका के संबंधित विश्वविद्यालयों में भेजा, जो प्रबंधनों को प्रभावित कर गया। अमेरिका के जिन विवि ने इस होनहार से संपर्क किया है, उनमें टायटन विवि हैं। इस विवि से अंतरिक्ष पर पहली बार उतरने वाले नील आर्मस्ट्रांग ने पढ़ाई की है। कोलेरोडो बोल्डर विवि में अंतरिक्ष विज्ञान में भारत का नाम चमकाने वाली कल्पना चावला ने पढ़ाई की है।
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फ्लोरिडा इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नालॉजी से अंतरिक्ष यात्री सुनीता विलियम की शिक्षा हुई है। इनसे भी महिमा को ऑफर आए हैं। उनके पिता भवनीश कुमार कारोबारी हैं और माता निशा गुप्ता गृहिणी हैं। इनका छोटा भाई जमा दो की पढ़ाई कर रहा है। महिमा ने बताया कि उनकी पढ़ाई और कामयाबी में उनके परिजनों का बहुत योगदान है। बता दें कि एयरोस्पेस इंजीनियरिंग विमान और अंतरिक्ष यान के विकास से संबंधित इंजीनियरिंग का प्राथमिक क्षेत्र है। इसका आमतौर पर मतलब हवाई जहाज, उपग्रहों, रॉकेट या अंतरिक्ष यान के विकास के अध्ययन से होता है। इसमें दो प्रमुख और अतिव्यापी शाखाएं हैं, जिनमें एयरोनॉटिकल इंजीनियरिंग और एस्ट्रोनॉटिकल इंजीनियरिंग होती है।
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