हिमाचल में जीएसटी लागू करने की तैयारी, खत्म होंगे ये 11 टैक्स
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
संसद के दोनों सदनों से जीएसटी बिल पास होने के साथ ही हिमाचल प्रदेश सरकार ने जीएसटी लागू करने की तैयारी शुरू कर दी है। जीएसटी लागू करने को लेकर एक कमेटी गठित कर दी गई है जो प्रदेश में लागू करने के तरीके का निर्धारण करेगी।
कमेटी की अध्यक्षता अतिरिक्त मुख्य सचिव वित्त डॉ. श्रीकांत बाल्दी करेंगे। बाल्दी के अलावा कमेटी में आबकारी एवं कराधान विभाग के सचिव, विभाग के कमिश्नर मुख्य सदस्य होंगे। इस कमेटी की जिम्मेदारी जीएसटी लागू करने के तरीके के साथ ही इसके फायदे या नुकसान का भी आंकलन करेगी। फिलहाल कमेटी संसद के दोनों सदनों से पास हुए बिल का इंतजार कर रही है।
एसीएस वित्त बाल्दी ने बताया कि चूंकि हिमाचल प्रदेश उपभोक्ता प्रधान प्रदेश है। ऐसे में सामान्य तौर पर जीएसटी के लागू होने से हिमाचल को फायदा ही होगा। हालांकि, हिमाचल में इसे लागू कैसे करना है, इस पर मंथन किया जा रहा है।
ये 11 टैक्स होंगे खत्म
जीएसटी लागू होने से पांच तरह के केंद्रीय व छह तरह के राज्य स्तर के टैक्स खत्म हो जाएंगे। इनमें केंद्र के सेंट्रल एक्साइज ड्यूटी, एडिशनल एक्साइज ड्यूटी, सर्विस टैक्स, एडिशनल कस्टम ड्यूटी, स्पेशल एडिशनल ड्यूटी ऑफ कस्टम शामिल हैं। राज्य स्तर पर वैट, मनोरंजन कर, सेंट्रल सेल्स टैक्स, एंट्री टैक्स, लग्जरी टैक्स शामिल हो जाएंगे।
उपभोक्ता को हो सकता है नुकसान
दरअसल, उपभोक्ता प्रधान राज्य होने की वजह से जीएसटी लागू होने पर राज्य सरकार को फायदा होगा। यही कारण है कि राज्य सरकार शुरू से ही जीएसटी के पक्ष में रही है।
लेकिन आशंका है कि जीएसटी के लागू होने से हिमाचल में ऑनलाइन शॉपिंग से लेकर टेक्सटाइल और लेवी चीनी भी टैक्स की जद में आ जाएंगे। अधिकारियों का कहना है कि बिल आने के बाद ही इस पर स्थिति साफ हो सकेगी।