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Ganesh Chaturthi: शिमला दो साल बाद गणेश उत्सव की धूम, निकाली भव्य शोभा यात्रा

Wed, 31 Aug 2022 04:05 PM IST
Krishan Singh न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिमला
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिमला Published by: Krishan Singh Updated Wed, 31 Aug 2022 04:05 PM IST
सार

 सिद्धि विनायक सेवा मंडल ट्रस्ट के प्रधान आशुतोष अग्रवाल ने बताया कि अंबाला से भगवान गणेश जी की 107 और पांच फीट ऊंची मूर्तियां लाई गई हैं। गणेश उत्सव धूमधाम से मनाया जा रहा है।

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Ganesh Chaturthi being celebrated in Shimla after two years, know the auspicious time for sthapna of murti
शिमला दो साल बाद गणेश उत्सव की धूम - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

शिमला शहर में दो साल बाद गणेश उत्सव धूमधाम से मनाया जा रहा है। बुधवार दोपहर 12:00 बजे तारघर से नाज तक भव्य शोभा यात्रा निकाली गई। इसके बाद मालरोड होते हुए एमसी कांपलेक्स मिडल बाजार में 108 मूर्तियां स्थापित की गई।  सिद्धि विनायक सेवा मंडल ट्रस्ट के प्रधान आशुतोष अग्रवाल ने बताया कि अंबाला से भगवान गणेश जी की 107 और पांच फीट ऊंची मूर्तियां लाई गई हैं। बताया कि दोपहर दो बजे मूर्ति स्थापना के बाद भंडारा लगाया गया। 4:00 से 8:00 बजे से कमल पारस एंड पार्टी पंजाब वाले भजन कीर्तन करेंगे। वहीं 1 सितंबर को दोपहर 2:00 से 4:00 बजे तक सत्यनारायण कथा होगी। 9 सितंबर को सुबह 9:00 बजे हवन और 11:00 बजे विसर्जन के लिए प्रस्थान किया जाएगा। इस अवसर पर उपप्रधान अशोक कुमार कुकरेजा, राजकुमार अग्रवाल, सचिव जसविंद्र कपूर, कोषाध्यक्ष शिव कुमार सह सचिव संदीप गुप्ता मौजूद रहेंगे।

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10 दिन चलेगा उत्सव
गणेश उत्सव पर मूर्ति स्थापना का शुभ मुहूर्त सुबह 11:05 से दोपहर 1:38 बजे तक रहा। राधा कृष्ण गंज के मंदिर पुजारी उमेश नौटियाल ने यह जानकारी दी। गणपति सेवा मंडल की ओर से यहां पर गणेश जी की मूर्ति की स्थापना की गई। इस बार मूर्ति के ऊपर शेषनाग जी का फन लगा हुआ है। भगवान गणेश के जन्म दिन के उत्सव को गणेश चतुर्थी के रूप में जाना जाता है। गणेश चतुर्थी के दिन, भगवान गणेश को बुद्धि, समृद्धि और सौभाग्य के देवता के रूप में पूजा जाता है। यह मान्यता है कि भाद्र पद माह में शुक्ल पक्ष की चतुर्थी तिथि के दौरान भगवान गणेश का जन्म हुआ था। गणेश चतुर्थी का उत्सव 10 दिन के बाद अनंत चतुर्दशी के दिन समाप्त होता है। 

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