{"_id":"6192909e986cc3753a14a09c","slug":"free-hostel-facility-for-divyang-students-in-hpu-shimla-governor-rajendra-vishwanath-arlekar","type":"story","status":"publish","title_hn":"शिमला: एचपीयू के छात्रावासों में निशुल्क रहेंगे दिव्यांग विद्यार्थी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
शिमला: एचपीयू के छात्रावासों में निशुल्क रहेंगे दिव्यांग विद्यार्थी
Mon, 15 Nov 2021 10:24 PM IST
अरविन्द ठाकुर
अमर उजाला ब्यूरो, शिमला
अमर उजाला ब्यूरो, शिमला
Published by: अरविन्द ठाकुर
Updated Mon, 15 Nov 2021 10:24 PM IST
सार
राज्यपाल राजेंद्र विश्वनाथ आर्लेकर ने विवि कुलपति को विश्वविद्यालय में पढ़ने वाले सभी दिव्यांग छात्र-छात्राओं को छात्रावास की निशुल्क सुविधा देने के लिए कहा।
विज्ञापन
विवि सभागार में समारोह के दौरान दिव्यांगजनों को सम्मानित करते राज्यपाल राजेंद्र विश्वनाथ आर्लेकर।
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय के सभागार में सोमवार को दिव्यांगजनों को सम्मानित करने के लिए पहली बार समारोह करवाया गया। राज्यपाल राजेंद्र विश्वनाथ आर्लेकर ने दिव्यांग छात्र-छात्राओं, शोधार्थियों और विशेष उपलब्धि वाले दिव्यांगजनों को स्मृति चिन्ह और प्रमाण पत्र देकर सम्मानित किया।
विज्ञापन
उमंग फाउंडेशन और हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय की ओर से करवाए गए समारोह में राज्यपाल ने संस्था और विवि प्रशासन के प्रयासों की सराहना की। विवि कुलपति को विश्वविद्यालय में पढ़ने वाले सभी दिव्यांग छात्र-छात्राओं को छात्रावास की निशुल्क सुविधा देने के लिए कहा। उन्होंने कहा कि दिव्यांगजनों को सहानुभूति नहीं, अपने को साबित करने के लिए अवसरों की आवश्यकता होती है। यह हम सभी की जिम्मेदारी है कि उन्हें ये अवसर प्रदान करें।
विज्ञापन
उन्होंने इस कार्यक्रम में संगीत विभाग की दो छात्राओं श्वेता और मुस्कान के गाए गीतों की सराहना की और कहा कि इनके गाए गए गीतों को भाव सुनने पर हमें किसी मार्गदर्शन की आवश्यकता नहीं है। उन्होंने कहा कि केंद्र की सरकार और प्रधानमंत्री के कार्यकाल में इन दिव्यांगजनों के लिए आधुनिक तकनीकों सॉफ्टवेयर का प्रयोग होने लगा, जिससे इनको पढ़ाई और अन्य कार्य करने में आसानी हुई है। उन्होंने कुलपति से सभागार के लिए एक रैंप बनाने को भी कहा।
विज्ञापन
उमंग फाउंडेशन के अध्यक्ष प्रो. अजय श्रीवास्तव और दिव्यांग छात्र-छात्राओं ने मुख्य अतिथि का स्वागत किया। समारोह की अध्यक्षता विवि के कुलपति प्रो. सिकंदर कुमार ने की जबकि यूजीसी के सदस्य प्रो. नागेश ठाकुर ने विशेष अतिथि रहे । कुलपति प्रो. सिकंदर कुमार ने विश्वविद्यालय में दिव्यांगजनों और जरूरतमंदों के लिए किए गए कार्य और प्रगति में चल रहे कार्यों की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि विवि के हर भवन में लिफ्ट लगाई जा रही है।
राज्यपाल के हाथों सम्मान पाकर चहक उठे विद्यार्थी
विवि के सभागार में दिव्यांगजनों के लिए सम्मान समारोह करवाया गया। दृष्टिबाधित सेवानिवृत्त कॉलेज शिक्षक और विवि से पहले दिव्यांग पीएचडी डॉ. दाता राम, एपीजी यूनिवर्सिटी के विधि विभागाध्यक्ष लोकेश चंद्र को राज्यपाल ने स्वयं स्टेज से उतरकर उनके स्थान पर सम्मानित किया। शोधार्थियों में लेख राज इतिहास विभाग, मुकेश कुमार शिक्षा विभाग, यूथ आइकन मुस्कान संगीत विभाग, श्वेता शर्मा, प्रतिभा ठाकुर, सतीश कुमार राजनीति विज्ञान विभाग, इतिका लोक प्रशासन, सबिना जहां, अंजु हिंदी विभाग, अंजना देवी वनस्पति विज्ञान, पंकज शर्मा पर्यटन विभाग, विमल कुमार पत्रकारिता विभाग, अजय कुमार, राजपाल इतिहास विभाग, मीनु चंदेल कंप्यूटर साइंस, अनु संस्कृत विभाग, हेम सिंह वाणिज्य, सतीश अर्थशास्त्र, ओम प्रकाश संस्कृत विभाग, एमफिल में बिजेश कुमार राजनीति विज्ञान, विनोद फिजिक्स, मोहित कपूर संगीत विभाग, अनुज अर्थशास्त्र, मीरा देवी योग विभाग, विनोद राजनीति विज्ञान। नेट-एसएलईटी पास इंदु, विनोद राजनीति विज्ञान, पूनम शर्मा संस्कृत, पैरा ओलंपिक में टेबल टेनिस में कांस्य पदक विजेता पियुष शर्मा, कबड्डी में शशि देवी, पहले दृष्टि बाधित रक्तदान करने वाले शोभू राम, महिला निशा कुमारी, युवा गीतकार, संगीतकार और कवि अभिषेक ठाकुर को सम्मानित किया गया।