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बागवानों को राहत, अब नहीं देना होगा एफीडेविट

Sun, 17 Jan 2016 10:19 AM IST
Updated Sun, 17 Jan 2016 10:19 AM IST
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farmer have to give no affidavit for govt schemes in himachal

हिमाचल प्रदेश के लाखों बागवानों को बड़ी राहत मिली है। अब बागवानों को उद्यान विभाग की किसी भी योजना के लिए एफीडेविट नहीं देना पड़ेगा। भारत सरकार के कृषि मंत्रालय के निर्देश पर उद्यान विभाग ने यह पहल की है। इससे अब बागवानी तकनीकी मिशन पर दिए जाने वाले तमाम तरह के उपदान मामलों में बागवान केवल सेल्फ डेक्लेरेशन से ही काम चला सकेंगे।

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हिमाचल प्रदेश बागवानी निदेशालय शिमला से इस संबंध में तमाम अधीनस्थ अधिकारियों को निर्देश जारी किए गए हैं कि वे इस पर गौर करें। वर्तमान में बागवानी विभाग की ओर से कई तरह की योजनाओं जैसे राष्ट्रीय कृषि विकास योजना, बागवानी तकनीकी मिशन आदि के माध्यम से बागवानों को सब्सिडी दी जाती है।

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इन योजनाओं पर देना पड़ता था हलफनामा

farmer have to give no affidavit for govt schemes in himachal

ये सब्सिडी पौधरोपण से लेकर बागवानी मशीनों की खरीद, पानी का टैंक निर्माण, पाली हाउस निर्माण, ड्रिप इरिगेशन सहित तमाम तरह के लाभ लेने के लिए दी जाती है। कई योजनाओं में ये सब्सिडी 80 फीसदी तक है।

बहुत सी योजनाओं के लिए राज्य बागवानी विभाग की ओर से बागवानों को लघु या सीमांत किसान होने, पूर्व में सुविधा प्राप्त नहीं करने जैसे कई कार्यों के लिए स्टांप पेपर पर हलफनामा देना पड़ता है। अब इसे नहीं देना होगा।

उद्यान विभाग के निदेशक डॉ. डीपी भंगालिया का कहना है कि बागवानी की तमाम योजनाओं के लिए किए जाने वाले आवेदनों में बागवानों को एफीडेविट के बजाय साधारण सेल्फ डेक्लेरेशन ही देनी होगी। बागवानी मंत्री ने इस व्यवस्था को लागू करने को कहा है। विभाग ने इसे लागू कर दिया है।

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