निर्वाचन आयोग: हिमाचल में जरूरी सेवाएं देने वाले मतदाता मतपत्र से देंगे वोट
विधानसभा चुनाव में जरूरी सेवाओं से जुड़े मतदाता ईवीएम के बजाय मतपत्र से वोट देकर अपना विधायक चुन सकेंगे। निर्वाचन आयोग पहली बार इस तरह की सुविधा मुहैया करवा रहा है।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
हिमाचल प्रदेश में हो रहे विधानसभा चुनाव में जरूरी सेवाओं से जुड़े मतदाता ईवीएम के बजाय मतपत्र से वोट देकर अपना विधायक चुन सकेंगे। निर्वाचन आयोग पहली बार इस तरह की सुविधा मुहैया करवा रहा है। मान्यता प्राप्त पत्रकार, स्वास्थ्य विभाग के डाक्टर और पैरा मेडिकल स्टाफ, बिजली बोर्ड, निर्वाचन विभाग, फायर विभाग, एंबुलेंस, पंप आपरेटर, एचआरटीसी कर्मी, सहकारी समितियों की दूध सप्लाई से जुड़े लोग इस सुविधा के लिए पात्र होंगे। राज्य निर्वचन विभाग के अधिकारियों ने बताया कि ऐसे वोटरों को 21 अक्तूबर से पहले संबंधित चुनाव अधिकारी के पास फार्म 12-डी भरना होेगा, जहां इन वोटरों ने अपने मताधिकार की प्रयोग करना है।
बताते हैं कि यह फार्म संबंधित रिटर्निंग अधिकारी के पास 21 अक्तूबर से पहले भरकर पहुंचाना होगा। अगर किसी वोटर ने यह फार्म भर कर दे दिया है और वह बाद में चाहता है कि वह ईवीएम से वोट डालेगा तो यह अनुमति नहीं दी जाएगी। राज्य के मुख्य चुनाव अधिकारी मनीष गर्ग ने कहा कि संबंधित आरओ ऐसे वोटरों को मतदान के लिए तीन दिन का विकल्प देगा। इन तीन दिन में से एक दिन वोटर सुविधा के अनुसार वोट डाल सकेगा। आरओ ऐसे वोटरों के लिए विशेष मतदान केंद्र तैयार करेगा।